एआई समिट पर राहुल गांधी का बयान दुर्भाग्‍यपूर्ण, भारत को नेतृत्व का अवसर मिलना गर्व का विषय : संजय निरुपम

एआई समिट पर राहुल गांधी का बयान दुर्भाग्‍यपूर्ण, भारत को नेतृत्व का अवसर मिलना गर्व का विषय : संजय निरुपम


मुंबई, 18 फरवरी। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए एआई सम्मेलन में भारतीय डाटा बेचे जाने के आरोप लगाए जाने का आरोप लगाया है। इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया देते हुए शिवसेना नेता संजय निरुपम ने तीखी टिप्पणी की और राहुल गांधी के बयान को भारत के हितों के खिलाफ बताया।

उन्होंने कहा कि एआई क्षेत्र में भारत को नेतृत्व का अवसर मिल रहा है, जो गर्व का विषय है, लेकिन दुर्भाग्यवश कांग्रेस इस पर सकारात्मक रुख अपनाने के बजाय आलोचना कर रही है।

संजय निरुपम ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में कहा कि एआई का यूनिवर्स बहुत बड़ा, विस्तृत और अपार है। यह एक ऐसी समानांतर दुनिया की तरह है, जिसे समझना, एक्सप्लोर करना और इंसानी सभ्यता के अनुरूप ढालना अपने आप में एक बड़ी चुनौती है। उन्होंने कहा कि भारत ने इस चुनौती को स्वीकार किया है और इसी क्रम में एआई पर एक अंतरराष्ट्रीय समिट आयोजित किया जा रहा है। उनके मुताबिक, यह संभव है कि किसी भी समिट में सब कुछ उम्मीदों पर खरा न उतरे, लेकिन उद्देश्य इस नए और जटिल विषय को गहराई से समझना है।

शिवसेना नेता संजय निरुपम ने कहा कि भारत और फ्रांस ने मिलकर पेरिस में पहला एआई समिट आयोजित किया था और अब दूसरा समिट भारत में हो रहा है। इस पहल के माध्यम से एआई की दुनिया को बेहतर ढंग से समझने और यह जानने की कोशिश की जा रही है कि इसका लाभ मानव सभ्यता और समाज के विकास के लिए किस प्रकार लिया जा सकता है। ऐसे में, यदि किसी छोटी घटना या अप्रिय बात को आधार बनाकर पूरी समिट पर सवाल उठाए जाते हैं, तो यह भारत की वैश्विक छवि को नुकसान पहुंचाने वाला कदम है।

बारामती में अपहरण की घटना का जिक्र करते हुए संजय निरुपम ने कहा कि एक हिंदू लड़की को एक मुस्लिम युवक द्वारा किडनैप किए जाने की खबर से परिवार और गांव में आक्रोश है। उन्होंने बारामती और पुणे पुलिस से मामले को गंभीरता से लेने और जिम्मेदार लोगों को तत्काल गिरफ्तार करने की मांग की।

उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की हिंसा या संपत्ति को नुकसान पहुंचाना उचित नहीं है। उन्होंने ग्रामीणों और परिजनों से अपील की कि गुस्से में अपने ही गांव या समुदाय को नुकसान न पहुंचाएं और प्रशासन को अपना काम करने दें। उन्होंने भरोसा दिलाया कि पुलिस प्रशासन पीड़ित परिवार के साथ है और लड़की सुरक्षित घर लौटेगी।

आरक्षण के मुद्दे पर बोलते हुए संजय निरुपम ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट निर्णय दिए हैं और संविधान में भी प्रावधान है कि धर्म के आधार पर आरक्षण नहीं दिया जा सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार के दौरान कुछ मुस्लिम विधायकों के दबाव में आकर मराठा और मुस्लिम आरक्षण की पहल की गई थी। उनके अनुसार, मराठा समाज की मांग सामाजिक और शैक्षणिक पिछड़ेपन के आधार पर थी, जिसे वे वाजिब मानते हैं, लेकिन मुस्लिम आरक्षण को उन्होंने तुष्टीकरण की राजनीति करार दिया।

उन्होंने कहा कि संविधान के दायरे से बाहर जाकर और सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों की अनदेखी कर इस तरह की व्यवस्था लागू की गई थी, जिसे बाद में रद्द कर दिया गया। उनका कहना था कि यदि ओबीसी, एससी या एसटी वर्ग को आरक्षण दिया जाता है तो वह संवैधानिक प्रावधानों के तहत होना चाहिए, लेकिन धर्म के आधार पर आरक्षण की परंपरा शुरू करना देश के लिए घातक साबित हो सकता है।
 

Similar threads

Trending Content

Forum statistics

Threads
8,239
Messages
8,271
Members
19
Latest member
Jessantict5434
Back
Top