नई दिल्ली, 14 मार्च। भारत के पूर्व कप्तान और दिग्गज लेग स्पिनर अनिल कुंबले ने श्रेयस अय्यर की जमकर तारीफ की है। उन्होंने श्रेयस को इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) में एक ऐसा कप्तान बताया है जिन्हें अक्सर कम आंका जाता है लेकिन वह असल में एक बेहतरीन कप्तान हैं। पूर्व कोच का मानना है कि श्रेयस की कप्तानी की काबिलियत को अक्सर नजरअंदाज कर दिया जाता है जबकि वह एक कप्तान के तौर पर लगातार शानदार प्रदर्शन करते रहे हैं।
श्रेयस की कप्तानी के सफर के बारे में बात करते हुए कुंबले ने इस बात पर जोर दिया कि आईपीएल जैसे बेहद कड़े मुकाबले वाले माहौल में अलग-अलग टीमों के साथ एक कप्तान के तौर पर कामयाब होना कितना मुश्किल होता है। कुंबले के मुताबिक एक टीम से दूसरी टीम में जाने पर अक्सर नई चुनौतियां सामने आती हैं जिसमें टीम मैनेजमेंट के तौर-तरीकों से लेकर टीम के कल्चर तक की बातें शामिल होती हैं।
कुंबले ने 'जियोस्टार' से बात करते हुए कहा, "श्रेयस अय्यर यकीनन एक ऐसे कप्तान हैं जिन्हें कम आंका जाता है। एक टीम के साथ ट्रॉफी जीतना और फिर दूसरी फ्रेंचाइजी में जाकर टीम को जिताना आसान नहीं होता है। हर टीम का मैनेजमेंट और माहौल अलग होता है। दबाव भी अलग तरह का होता है। जिस नई टीम में वह शामिल हुए वह पिछले 10 सालों में कभी फाइनल तक नहीं पहुंची थी। हालांकि, श्रेयस अय्यर ने अपनी कप्तानी में पंजाब किंग्स को पहले ही सीजन में फाइनल तक पहुंचाया।"
कुंबले ने श्रेयस की आगे बढ़कर अगुवाई करने की काबिलियत की भी तारीफ की। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि एक बल्लेबाज के तौर पर श्रेयस का योगदान सिर्फ मैदान पर लिए जाने वाले रणनीतिक फैसलों तक ही सीमित नहीं है बल्कि उससे कहीं ज्यादा है। उन्होंने कहा, "मैं सिर्फ उनकी कप्तानी से ही प्रभावित नहीं हुआ बल्कि जिस तरह से उन्होंने आगे बढ़कर टीम की अगुवाई की है वह भी मुझे बहुत पसंद आया। कुछ खिलाड़ी ऐसे होते हैं जिन्हें हर बार खुद को साबित करना पड़ता है। श्रेयस भी उन्हीं खिलाड़ियों में से एक हैं। शानदार प्रदर्शन करने के बाद भी उन पर सवाल उठते रहते हैं। मेरा मानना है कि उन्हें अक्सर कम आंका जाता है लेकिन वह असल में एक बेहतरीन कप्तान हैं।"
अनिल कुंबले ने कोलकाता नाइट राइडर्स (केकेआर) के खिताब जीतने के बाद श्रेयस अय्यर और फिल साल्ट को रिलीज करने के फैसले पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा, "दो साल पहले केकेआर ने आईपीएल का खिताब जीता था और तीसरी ट्रॉफी अपने नाम की। उस जीत में दो सबसे अहम खिलाड़ी श्रेयस अय्यर और फिल साल्ट रहे थे। इन दोनों ने ही टीम को जीत दिलाने में बहुत बड़ी भूमिका निभाई थी लेकिन केकेआर ने इन दोनों ही खिलाड़ियों को टीम से जाने दिया। खिलाड़ियों को टीम में बनाए रखने के मामले में केकेआर की रणनीति में निरंतरता नजर नहीं आती है।"
पूर्व भारतीय स्पिनर ने आगे कहा, "केकेआर ने श्रेयस अय्यर और फिल सॉल्ट को रिलीज करने का गलत फैसला लिया। इससे उनके पास आईपीएल जीतने वाला कोई कप्तान नहीं बचा है। हां, अजिंक्य रहाणे एक अनुभवी खिलाड़ी हैं। उन्होंने घरेलू क्रिकेट में मुंबई और आईपीएल में राजस्थान रॉयल्स की कप्तानी की है। हालांकि, रहाणे ने कप्तान के तौर पर आईपीएल का खिताब नहीं जीता है। जिस कप्तान ने ट्रॉफी जीती हो, उसका टीम में होना आपके लिए फायदेमंद होता है।"