पटना, 5 मार्च। बिहार की राजनीति में राज्यसभा चुनाव को लेकर हलचल तेज है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने के निर्णय को प्रदेश की सियासत में बड़े उलटफेर की संभावना है। इस बीच गुरुवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन सहित एनडीए के सभी पांच उम्मीदवारों ने गुरुवार को राज्यसभा चुनाव के लिए नामांकन दाखिल किया।
इस मौके पर केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह भी मौजूद रहे। बिहार एनडीए के सभी उम्मीदवार नीतीश कुमार, नितिन नवीन, रामनाथ ठाकुर, शिवेश कुमार राम और उपेंद्र कुशवाहा विधानसभा परिसर पहुंचे और राज्यसभा के लिए नामांकन का पर्चा दाखिल किया।
इससे पहले नीतीश कुमार ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, ''केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह के साथ पटना में शिष्टाचार मुलाकात की।''
गुरुवार को ही बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट किया, "पिछले दो दशक से भी अधिक समय से आपने अपना विश्वास व समर्थन मेरे साथ लगातार बनाए रखा है, और उसी के बल पर हमने बिहार की और आप सब लोगों की पूरी निष्ठा से सेवा की है। आपके विश्वास और समर्थन की ही ताकत थी कि बिहार आज विकास और सम्मान का नया आयाम प्रस्तुत कर रहा है। इसके लिए पूर्व में भी मैंने आपके प्रति कई बार आभार व्यक्त किया है।"
उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा, "संसदीय जीवन शुरू करने के समय से ही मेरे मन में एक इच्छा थी कि मैं बिहार विधानमंडल के दोनों सदनों के साथ संसद के भी दोनों सदनों का सदस्य बनूं। इसी क्रम में इस बार हो रहे चुनाव में राज्यसभा का सदस्य बनना चाह रहा हूं।"
भारत निर्वाचन आयोग ने 18 फरवरी को 10 राज्यों में रिक्त होने वाली 37 सीटों को भरने के लिए द्विवार्षिक चुनावों का कार्यक्रम घोषित किया था। ये सीटें इसलिए रिक्त हो रही हैं, क्योंकि वर्तमान सदस्यों का कार्यकाल अप्रैल 2026 में समाप्त होने वाला है। अधिसूचित कार्यक्रम के अनुसार, मतदान 16 मार्च को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक होगा और मतगणना उसी दिन शाम 5 बजे होगी।
इससे पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पटना में मुख्यमंत्री आवास पहुंचे। यहां उन्होंने नीतीश कुमार के साथ मुलाकात की। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन तथा उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी सहित कई नेता भी वहां पहुंचे और बैठक की। बताया गया कि इस बैठक में राज्यसभा चुनाव के साथ-साथ बिहार की मौजूदा राजनीतिक स्थिति और आगे की रणनीति पर भी चर्चा हुई।