मुजफ्फरपुर, 18 फरवरी। बिहार निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम प्रदेश में भ्रष्टाचार से जुड़े अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ लगातार अभियान चला रही है। इस दौरान बुधवार को मुजफ्फरपुर जिले के सदर थाना में पदस्थापित सब इंस्पेक्टर भास्कर कुमार मिश्रा को निगरानी विभाग की टीम ने 15 हजार रुपए रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया।
बताया गया कि यह कार्रवाई उस समय की गई जब वे एक मामले में आरोपी से केस डायरी उसके पक्ष में करने के नाम पर रिश्वत की राशि ले रहे थे।
निगरानी अन्वेषण ब्यूरो के पुलिस उपाधीक्षक संजय कुमार ने बताया कि अमन कुमार ने निगरानी ब्यूरो कार्यालय में एक सूचना दी थी कि मुजफ्फरपुर सदर थाना कांड संख्या 839/25 के अनुसंधानकर्ता भास्कर कुमार मिश्रा द्वारा कांड डायरी में मदद के नाम पर 50 हजार रुपये रिश्वत की मांग की जा रही है। इस शिकायत के बाद आरोप की सत्यता की जांच में आरोप सत्य पाया गया। इसके बाद एक धावा दल का गठन किया गया।
उन्होंने बताया कि तय समय पर बुधवार को सदर थाना परिसर से बाहर जब पीड़ित अमन कुमार सब इंस्पेक्टर भास्कर कुमार मिश्रा को रिश्वत के रूप में 15 हजार रुपये दे रहा था, तभी निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार सब इंस्पेक्टर को अब निगरानी की विशेष अदालत में पेश किया जाएगा।
इधर, अमन कुमार ने बताया कि एक अपहरण के मामले में उनके भाई का नाम आया था। केस आईओ भास्कर मिश्रा ने नाम हटाने के लिए 50 हजार रुपए की मांग की थी। मामला 30 हजार रुपए में फाइनल हुआ। आज पहली किस्त दी जा रही थी जिसकी सूचना हमने निगरानी को दे रखी थी। थाना परिसर के बाहर से ही दारोगा की गिरफ्तारी हुई है। जिले में लगातार दूसरे दिन निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम ने बड़ी कार्रवाई की है।
इससे पहले मंगलवार को प्रभारी जिला कृषि पदाधिकारी हिमांशु कुमार को रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया था।