नई दिल्ली, 16 फरवरी। केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सौ वर्षों की यात्रा पर बनी फिल्म 'शतक: संघ के 100 वर्ष' को लेकर बयान दिया। गडकरी का कहना है कि पिछले एक शतक में संघ की छवि और उसकी असल हकीकत के बीच जो अंतर बना रहा, वह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है और इस फिल्म के जरिए लोगों को सच्चाई समझने का अवसर मिलेगा।
'शतक द फिल्म' नाम के आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर जारी एक वीडियो संदेश में नितिन गडकरी ने आम लोगों से इस फिल्म को देखने की अपील की है। उन्होंने कहा, ''एक स्वयंसेवक के रूप में मैंने यह महसूस किया है कि संघ को लेकर समाज में कई तरह की धारणाएं बनाई गईं, जो जमीन पर किए गए काम से मेल नहीं खातीं। संघ का वास्तविक स्वरूप त्याग, सेवा और राष्ट्र के प्रति समर्पण से जुड़ा हुआ है, लेकिन इसे अक्सर गलत नजरिए से देखा गया।''
गडकरी ने कहा, ''संघ की विचारधारा को समझने के लिए उसके काम को समझना जरूरी है। आदिवासी इलाकों में सेवा कार्य, शिक्षा के क्षेत्र में योगदान, सहकारी संस्थाओं की मजबूती और सामाजिक जागरूकता जैसे कई काम ऐसे हैं, जिनमें संघ के लाखों स्वयंसेवकों ने बिना किसी स्वार्थ के योगदान दिया है। यही वो सच्चाई है, जिसे आम लोगों तक पहुंचाने की जरूरत है।''
गडकरी ने कहा, ''देश के विकास में संघ की भूमिका को नकारा नहीं जा सकता। बीते 100 वर्षों में संघ ने युवाओं के मन में देशभक्ति और राष्ट्र निर्माण की भावना जगाई है। मैं खुद भी उन स्वयंसेवकों में शामिल हूं, जिन्हें संघ से यह प्रेरणा मिली। अभी बहुत काम किया जाना बाकी है और भारत को हर क्षेत्र में आगे ले जाने का लक्ष्य सबको मिलकर हासिल करना होगा।''
अपने संदेश में नितिन गडकरी ने समाज के कमजोर वर्गों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा, "संघ दलितों, वंचितों और गरीबों के उत्थान के लिए लगातार काम कर रहा है। हिंदुत्व को गलत तरीके से समझा गया है। हिंदुत्व न तो जाति से जुड़ा है और न ही किसी एक धर्म से। यह जीवन जीने का एक तरीका है, जो भारतीय संस्कृति, परंपरा और इतिहास से जुड़ा हुआ है। सभी धर्मों के लोग भारतीय हो सकते हैं और यही सोच संघ से मिली सबसे बड़ी प्रेरणा है।"
फिल्म 'शतक: संघ के 100 वर्ष' राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की इसी यात्रा को पर्दे पर दिखाने का प्रयास है। यह फिल्म संघ की विचारधारा, उससे जुड़ी गलतफहमियों, सामाजिक कार्यों और सौ वर्षों के संघर्ष और योगदान को सामने लाती है। यह फिल्म 20 फरवरी को देशभर के सिनेमाघरों में रिलीज होगी।