नई दिल्ली, 11 फरवरी। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने रिश्वतखोरी के मामले में दिल्ली जल बोर्ड सीलमपुर में तैनात एक चपरासी सह असिस्टेंट मीटर रीडर और एक अन्य व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों को शिकायतकर्ता से रिश्वत मांगते और लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया।
सीबीआई ने 8 फरवरी को एक लिखित शिकायत के आधार पर मामला दर्ज किया। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि दिल्ली जल बोर्ड के कर्मचारी ने शिकायतकर्ता के घर के बकाया पानी के बिल को ठीक करने और माफ कराने के एवज में 12,000 रुपए की रिश्वत की मांग की। आरोप के अनुसार, आरोपी ने 3 फरवरी को शिकायतकर्ता से 5,500 रुपए ले लिए थे और शेष 6,500 रुपए की मांग की थी।
सीबीआई ने 9 फरवरी को जाल बिछाकर कार्रवाई की और आरोपी चपरासी सह असिस्टेंट मीटर रीडर विनोद कुमार तथा उसके साथ शामिल निजी व्यक्ति नितिन कुमार को शिकायतकर्ता से 6,500 रुपए की रिश्वत मांगते और स्वीकार करते हुए गिरफ्तार कर लिया। दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर आगे की पूछताछ की जा रही है।
सीबीआई ने कहा कि भ्रष्ट सरकारी कर्मचारियों के खिलाफ यह कार्रवाई भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने के उसके दृढ़ संकल्प को दर्शाती है। एजेंसी ने नागरिकों से अपील की है कि यदि कोई सरकारी अधिकारी उनसे रिश्वत मांगता है या भ्रष्टाचार से जुड़ा कोई मामला सामने आता है तो इसकी सूचना तत्काल दें।
शिकायत दर्ज कराने या आवश्यक जानकारी साझा करने के लिए नागरिक सीबीआई, एसीबी दिल्ली कार्यालय, पहली मंजिल, सीबीआई बिल्डिंग, सीजीओ कॉम्प्लेक्स, लोधी रोड, नई दिल्ली में संपर्क कर सकते हैं। इसके अलावा 011-24367887 और मोबाइल नंबर 9650394847 पर भी सूचना दी जा सकती है।
इससे पहले, सीबीआई ने दिल्ली पुलिस के एक सहायक उप-निरीक्षक (एएसआई) को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी एएसआई पर आरोप है कि उसने एक मामले को निपटाने के एवज में शिकायतकर्ता से मोटी रकम की मांग की थी, जिसमें से कुछ हिस्सा एडवांस में लेते हुए वह पकड़ा गया।