मुंबई, 6 फरवरी। महाराष्ट्र के दिवंगत उपमुख्यमंत्री अजित पवार के निधन के बाद से पूरा प्रदेश शोक में डूबा है। इस दुखद माहौल को देखते हुए महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने 9 फरवरी को अपना जन्मदिन नहीं मनाने का निर्णय लिया है। उन्होंने अपील की है कि उनके जन्मदिन के अवसर पर न तो कोई समारोह आयोजित किया जाए और न ही शुभकामनाओं के लिए होर्डिंग्स, गुलदस्ते या उपहार लाए जाएं।
उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के कार्यालय ने बताया कि डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे ने कहा कि अजित दादा के असामयिक निधन से महाराष्ट्र अभी उबर भी नहीं पाया है। यह क्षति न केवल राजनीतिक बल्कि व्यक्तिगत स्तर पर भी बेहद पीड़ादायक है। उन्होंने कहा कि मैंने अपना एक सहकर्मी और मित्र खो दिया है। दादा के जाने से जो अपूरणीय क्षति हुई है, उसकी भरपाई कभी नहीं की जा सकती। हम सभी पवार परिवार के इस गहरे दुख में सहभागी हैं।
एकनाथ शिंदे ने आगे कहा कि ऐसे शोकपूर्ण समय में जन्मदिन मनाना, कार्यक्रम या समारोह आयोजित करना उचित नहीं होगा। इसी भावना के तहत उन्होंने सभी समर्थकों, कार्यकर्ताओं और नागरिकों से अनुरोध किया है कि वे स्थिति की गंभीरता को समझें और उनके जन्मदिन पर किसी भी प्रकार का आयोजन न करें। उन्होंने यह अपील की कि उनके जन्मदिन के मौके पर न तो फूलों के गुलदस्ते लाए जाएं, न शुभकामनाओं के होर्डिंग्स लगाए जाएं और न ही कोई सार्वजनिक या निजी कार्यक्रम आयोजित किया जाए।
बता दें कि अजित पवार 28 जनवरी को जिला परिषद और पंचायत समिति चुनाव के लिए प्रचार करने बारामती आ रहे थे, तभी उनका प्लेन क्रैश हो गया। प्लेन रनवे पर लैंड करते समय क्रैश हुआ। इस दुर्घटना में अजित पवार का निधन हो गया। चार अन्य लोगों की भी इस दुर्घटना में मौत हो गई। 29 जनवरी को अजित पवार के पार्थिव शरीर का बारामती के विद्या प्रतिष्ठान ग्राउंड में अंतिम संस्कार किया गया।
अजित पवार के निधन के बाद पत्नी सुनेत्रा पवार को उनकी जगह उपमुख्यमंत्री बनाया गया है। उन्हें आबकारी, खेल और अल्पसंख्यक विकास विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है।