UGC नियमों पर सुप्रीम कोर्ट की रोक से प्रमोद तिवारी गदगद, बोले- भाजपा की विभाजनकारी चाल पर तमाचा

कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा-यूजीसी पर सुप्रीम कोर्ट के स्टे से सवर्ण समाज के साथ पूरे देश को राहत


लखनऊ, 30 जनवरी। सुप्रीम कोर्ट द्वारा यूजीसी के नए नियमों पर रोक लगाने पर कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा कि यह स्टे सवर्ण समाज को राहत नहीं, बल्कि पूरे देश को राहत है।

लखनऊ में आईएएनएस से बातचीत में कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा कि भाजपा सरकार अपनी असफलताओं से ध्यान भटकाने के लिए समाज को आपस में लड़ाने की कोशिश कर रही थी। लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने इसे विभाजनकारी पाया और स्टे लगा दिया। यह फैसला केंद्र सरकार पर जोरदार तमाचा है, जो देश को बांटना चाहते थे। वे किसी का भला नहीं चाहते, बस लोगों का ध्यान भटकाना चाहते हैं।

अयोध्या रेप केस में समाजवादी पार्टी के नेता मोईद खान के बरी होने पर प्रमोद तिवारी ने कहा कि जब यह केस हुआ था, जहां एक लड़की के साथ दुष्कर्म हुआ, मैं उसकी निंदा करता हूं, घोर निंदा करता हूं। मेरी सारी सहानुभूति उस बेटी के साथ है। लेकिन, भाजपा ने घटिया राजनीति की। उसके नेताओं ने घटिया राजनीति की। एक मुसलमान को सिर्फ इसलिए फंसाया गया ताकि इसे सांप्रदायिक रंग दिया जा सके। जो होना था, वही हुआ। झूठा फंसाया गया था। अदालत ने बरी कर दिया। लेकिन अगर कोई अदालत के फैसले के बाद बरी होता है तो इससे साफ होता है कि भाजपा के वे नेता और लोग जो गलत फंसाने में लगे थे, वे दोषी हैं।

उन्होंने कहा कि बुलडोजर कार्रवाई नियमों के अनुसार नहीं हो रही है। भारत की जनता जल्द इसका जवाब देगी।

असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा के बयान पर प्रमोद तिवारी ने कहा कि यह किसी छोटे नेता का बयान लगता है, किसी निर्वाचित मुख्यमंत्री का नहीं। एक प्रदेश का मुख्यमंत्री इतना घटिया बयान दे रहा है। किसी को पाकिस्तान का एजेंट कह रहा है। उन्हें अपनी सफलता और उपलब्धियों पर चुनाव लड़ना चाहिए। कम्युनल बनाकर या ध्रुवीकरण करके चुनाव नहीं लड़ना चाहिए। मैं पूरे कठोर शब्दों में इसकी निंदा करता हूं। वह मुख्यमंत्री पद के काबिल नहीं हैं।
 
Similar content Most view View more

Latest Replies

Forum statistics

Threads
16,712
Messages
16,749
Members
20
Latest member
7519202689
Back
Top