नई दिल्ली, 8 मार्च। पश्चिम एशिया में लगातार तनाव के बीच ईरान की ओर से हमले जारी हैं। वहीं, अमेरिका व इजरायल की तरफ से भी ताबड़तोड़ कार्रवाई की जा रही है। इन सबके बीच भारत के विदेश मंत्रालय ने पश्चिम एशिया और खाड़ी क्षेत्र की स्थिति पर अपडेट जारी किया है।
विदेश मंत्रालय के अनुसार, भारत सरकार पश्चिम एशिया और खाड़ी क्षेत्र में बदलते हालात पर लगातार नजर रख रही है। खासकर उन भारतीय नागरिकों पर विदेश मंत्रालय की पूरी नजर है जो ट्रांजिट के दौरान या कम समय के दौरे पर वहां फंसे हुए हैं।
इस इलाके के सभी भारतीय नागरिकों को सलाह दी जाती है कि वे स्थानीय अधिकारियों के दिशा-निर्देश के साथ ही अपने इलाके में भारतीय दूतावास या कॉन्सुलेट द्वारा जारी की जा रही एडवाइजरी को भी मानें। इन देशों में भारतीय दूतावास और कॉन्सुलेट ने विस्तार से एडवाइजरी जारी की है और 24x7 हेल्पलाइन शुरू की हैं जो मौजूदा हालात की वजह से चिंताओं को दूर करने में मदद कर रही हैं।
विदेश मंत्रालय ने प्रभावित लोगों और उनके परिवारों के सवालों पर नजर रखने और जवाब देने के लिए एक स्पेशल कंट्रोल रूम भी बनाया है। पिछले कुछ दिनों में पूरे इलाके में एयरस्पेस को थोड़ा खोलने के बाद, भारतीय और विदेशी एयरलाइंस नॉन-शेड्यूल्ड फ्लाइट्स समेत कमर्शियल फ्लाइट्स चला रही हैं ताकि उन भारतीय यात्रियों को वापस लाया जा सके जो इन देशों में ट्रांजिट में थे या कम समय के दौरे पर थे।
विदेश मंत्रालय ने बताया कि अब तक 52,000 से ज्यादा भारतीयों ने विमान सेवाओं का फायदा उठाया है और 1 से 7 मार्च के बीच खाड़ी देशों से सुरक्षित रूप से भारत आए हैं। इनमें से 32,107 ने भारतीय एयरलाइनों से यात्रा की है। आने वाले दिनों में और विमान सेवाएं चलाने की योजना है।
जिन देशों में कमर्शियल विमान सेवाएं उपलब्ध नहीं हैं, वहां भारतीय नागरिकों को सलाह दी जाती है कि वे सबसे पास में उपलब्ध कमर्शियल फ्लाइट ऑप्शन के बारे में जानकारी और सलाह के लिए संबंधित दूतावास/कॉन्सुलैट से संपर्क करें।
विदेश में भारतीय नागरिकों की सुरक्षा और भलाई सरकार की पहली प्राथमिकता है। भारत सरकार जरूरतमंद सभी लोगों की मदद करने के लिए पूरे इलाके की सरकारों के साथ जुड़ी हुई है।