वॉशिंगटन, 1 मार्च। ईरान के अंतिम शाह के निर्वासित पुत्र रेजा पहलवी ने रविवार को दावा किया कि ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई “खत्म कर दिए गए हैं” और इसे “हमारे समय का जहाक” बताते हुए ईरानी शासन के अधिकारियों से सत्ता छोड़ने की अपील की।
पहलवी ने अपने बयान में खामेनेई को “राक्षसी चेहरा” करार देते हुए कहा कि उन्होंने कुछ ही सप्ताह पहले “ईरान के हजारों बेहतरीन बेटों और बेटियों के नरसंहार का आदेश दिया था।” उन्होंने कहा कि खामेनेई और उनके कई करीबी सहयोगियों की मौत के साथ इस्लामिक गणराज्य अब “अपनी अंतिम सांसें गिन रहा है।"
पहलवी ने कहा, “ईरान का महान राष्ट्र इस्लामिक रिपब्लिक के पूर्ण पतन की मांग करता है और हम इस दानवी शासन को गिराकर रहेंगे।”
उन्होंने “आतंक के इस गणराज्य” के शेष अधिकारियों से सीधे कहा कि वे जनता के सामने आत्मसमर्पण करें, उनके प्रस्तावित ट्रांजिशन सिस्टम के प्रति निष्ठा घोषित करें और बिना और खून-खराबे के सत्ता सौंप दें।
उन्होंने चेतावनी दी कि खामेनेई के उत्तराधिकारी की नियुक्ति का कोई भी प्रयास विफल रहेगा। उन्होंने कहा, “जो भी उनकी जगह बैठाया जाएगा, उसके पास वैधता नहीं होगी और वह इस शासन के अपराधों में सहभागी माना जाएगा।”
पहलवी ने ईरान की सुरक्षा एजेंसियों और सैन्य बलों से भी अपील की कि वे अपनी निष्ठा बदलें। उन्होंने कहा, “आपके हथियार ईरान की महान जनता की रक्षा के लिए होने चाहिए, न कि आपराधिक गणराज्य के लिए।”
उन्होंने समर्थकों से “लायन-एंड-सन रिवोल्यूशन” के नाम पर एकजुट होने और सड़कों पर उतरने की तैयारी करने को कहा। साथ ही, देश और विदेश में रह रहे ईरानियों से इस्लामिक रिपब्लिक को खत्म करने के समर्थन में आवाज उठाने की अपील की।
पहलवी, जो ‘पीकॉक थ्रोन’ के उत्तराधिकारी माने जाते हैं, 1979 की ईरानी क्रांति के बाद से अमेरिका में निर्वासन का जीवन जी रहे हैं। उस क्रांति में राजशाही का अंत हुआ और इस्लामिक गणराज्य की स्थापना हुई।
हाल के वर्षों में पहलवी ने खुद को संभावित संक्रमणकालीन नेतृत्वकर्ता के रूप में पेश किया है और कहा है कि शासन परिवर्तन की स्थिति में वे ईरान को लोकतांत्रिक व्यवस्था की ओर ले जा सकते हैं।