रेलवे का अलर्ट! पेंशनभोगियों को निशाना बना रहे साइबर ठग, PPO/KYC के बहाने न दें गोपनीय जानकारी, तुरंत करें रिपोर्ट

साइबर धोखाधड़ी को लेकर रेलवे ने जारी किया अलर्ट, संदिग्ध कॉल या मैसेज की जानकारी पुलिस को दें


नई दिल्ली, 25 फरवरी। साइबर धोखाधड़ी को लेकर रेलवे ने पेंशनभोगियों के लिए अलर्ट जारी कर कहा है कि कोई भी रेलवे अधिकारी सोशल मीडिया या कॉल के माध्यम से गोपनीय जानकारी नहीं मांगता है और संदिग्ध कॉल या संदेशों की सूचना तुरंत पुलिस साइबर सेल और संबंधित प्रशासनिक कार्यालय को दें।

रेल मंत्रालय की ओर से जारी किए गए बयान में कहा गया, "यह बात सामने आई है कि कुछ साइबर जालसाज रेलवे अधिकारियों के नाम पर फर्जी फोन कॉल कर रहे हैं और एसएमएस/व्हाट्सएप संदेश भेज रहे हैं, जिसमें पीपीओ अपडेट, केवाईसी सत्यापन, अतिरिक्त पेंशन लाभ आदि के बहाने व्यक्तिगत और वित्तीय विवरण मांगे जा रहे हैं।"

बयान में आगे कहा गया, "पेंशनभोगियों को सूचित किया जाता है कि रेलवे पीपीओ या सेवा रिकॉर्ड को अपडेट करने के लिए कोई लिंक या संदेश नहीं भेजता है। किसी भी रेलवे अधिकारी को फोन कॉल, एसएमएस, व्हाट्सएप या सोशल मीडिया के माध्यम से बैंक विवरण, ओटीपी, पासवर्ड या कोई भी गोपनीय जानकारी मांगने का अधिकार नहीं है।"

साथ ही कहा कि पेंशनभोगियों को सतर्क रहने और अपने परिवार के सदस्यों को भी इस संबंध में जागरूक करने की सलाह दी जाती है। किसी भी संदिग्ध कॉल या संदेश की सूचना तुरंत पुलिस साइबर सेल और संबंधित प्रशासनिक कार्यालय को दी जानी चाहिए।

रेलवे लगातार धोखाधड़ी को लेकर कार्रवाई कर रहा है। संसद सत्र के दौरान रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा था कि आधार-आधारित प्रमाणीकरण, बहुस्तरीय साइबर सुरक्षा और धोखाधड़ी-रोधी उपायों के कारण 2025 में ट्रेन टिकट बुकिंग में 3.03 करोड़ संदिग्ध यूजर्स आईडी को निष्क्रिय कर दिया गया है, जिससे रियल यूजर्स के लिए निर्बाध बुकिंग सुनिश्चित हुई है।

राज्यसभा में पूछे गए एक प्रश्न का जवाब देते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि देश के ई-टिकट सिस्टम की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए छह महीनों में (दिसंबर 2025) तक 6,043 करोड़ मैलिशियस बॉट रिक्वेस्ट को बॉल्क किया है।

केंद्रीय मंत्री ने कहा, नेशनल साइबर क्राइम पोर्टल पर 3.99 लाख संदिग्ध बुकिंग से संबंधित 376 शिकायतें दर्ज की गई हैं और 2025 में 12,819 संदिग्ध ईमेल डोमेन को ब्लॉक किया गया है।

केंद्रीय मंत्री के अनुसार, तत्काल टिकट बुकिंग में दुरुपयोग को रोकने और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए ऑनलाइन तत्काल टिकट बुकिंग हेतु आधार आधारित वन-टाइम पासवर्ड (ओटीपी) सत्यापन शुरू किया गया है।
 

Similar threads

Forum statistics

Threads
10,547
Messages
10,584
Members
19
Latest member
Jessantict5434
Back
Top