गुवाहाटी, 10 जनवरी। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने शनिवार को गुवाहाटी में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान असम सीधी भर्ती परीक्षा (एडीआरई) के माध्यम से चयनित 6,347 ग्रेड-III उम्मीदवारों को नियुक्ति पत्र वितरित किए।
कुछ युवाओं ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत की, जिन्हें नियुक्ति पत्र सौंपे गए।
एक युवती ने कहा कि मुझे बहुत खुशी हो रही है कि मुझे आज नियुक्ति पत्र मिला है। सरकार की ओर से बहुत ही अच्छा कार्यक्रम आयोजित किया गया था, जहां चयनित युवाओं को नियुक्ति पत्र सौंपे गए। उन्होंने कहा कि मुझे तो सरकार का हर काम पसंद आता है। यह सरकार जनता के लिए बहुत अच्छा कार्य कर रही है। मुझे प्रदेश की सरकार से उम्मीद है कि आगे भी वे इसी तरह अच्छा कार्य करती रहेगी और असम के विकास को आगे बढ़ाती रहेगी। उन्होंने कहा कि पहले सरकारी नौकरियों में भ्रष्टाचार बहुत था, लेकिन अब इस सरकार में भ्रष्टाचार बिल्कुल नहीं है। हम गरीब परिवार से हैं, और भ्रष्टाचार न होने के कारण ही हमें नौकरी मिली है।
दूसरी युवती ने कहा कि पहले ऐसा नहीं होता था। सरकारी नौकरी पाने के लिए बहुत भ्रष्टाचार होता था, लेकिन अब मेरिट के आधार पर ही नौकरी मिल रही है।
एक अन्य युवती ने कहा कि सरकार ने बहुत अच्छा कदम उठाया है। हम सभी बहुत खुश हैं कि हमें नौकरी का नियुक्ति पत्र मिला है। सरकार ने जिस तरह पारदर्शिता दिखाते हुए नौकरियां वितरित की हैं, इससे युवाओं में भी एक सकारात्मक संदेश गया है कि अगर कड़ी मेहनत करेंगे, तो सरकारी नौकरी जरूर मिलेगी।
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि पारदर्शी, योग्यता-आधारित भर्ती भाजपा के नेतृत्व वाली राज्य सरकार की पहचान बन गई है। राज्य ने असम डायरेक्ट रिक्रूटमेंट एग्जामिनेशन जैसे संस्थागत सुधारों के माध्यम से सरकारी नौकरी वितरण में जनता का विश्वास सफलतापूर्वक बहाल किया है। उन्होंने कहा कि हमने आज तक बिना किसी कोर्ट केस के 1,56,000 नियुक्तियां पूरी कर ली हैं। सब लोग खुश हैं। कोई आरोप नहीं है। यह पूरी तरह से पारदर्शी नियुक्ति है। असम के लोग भर्ती प्रक्रिया से बहुत खुश हैं।
सीएम ने एक्स पोस्ट में लिखा कि एक ऐसे सिस्टम को सुधारने की खुशी से बढ़कर कुछ नहीं हो सकता जो कभी भ्रष्टाचार और भाई-भतीजावाद की वजह से खराब हो गया था। आज, निष्पक्ष भर्तियां हो रही हैं और यह तस्वीर सब कुछ कहती है।