नई दिल्ली, 21 फरवरी। भाजपा के वरिष्ठ नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित एआई समिट के दौरान यूथ कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन पर पलटवार किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को बर्दाश्त नहीं हो रहा है कि पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत आगे बढ़ रहा है।
नई दिल्ली में आईएएनएस से बातचीत में भाजपा नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा कि ये जो आपराधिक कृत्यों की क्रोनोलॉजी है, वह कोई संयोगवश नहीं है, बल्कि सोचे-समझे तरीके से किया गया है। आपको याद होगा कि 2015 में जब 54 अफ्रीकी देशों के राष्ट्राध्यक्ष और उनके प्रतिनिधि भारत में आए थे, उस समय भारत में क्या हो रहा था? उस दौरान 'अवार्ड वापसी' अभियान चलाया जा रहा था। फिर 2019-20 में जब अमेरिकी राष्ट्रपति और उनका प्रतिनिधिमंडल भारत आया था, देश-विदेश की मीडिया मौजूद थी, तब सीएए के विरोध में शाहीन बाग प्रदर्शन चल रहा था। विदेशी मीडिया अमेरिका के राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री मोदी की महत्वपूर्ण चर्चाओं को छोड़कर जेएनयू और शाहीन बाग में घूम रहा था।
मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा कि इसके बाद जी-20 समिट में पूरी दुनिया भारत आई, उस समय राहुल गांधी देश-विदेश में प्रचार कर रहे थे कि भारत का संविधान खतरे में है। अब एआई समिट में 20 देशों के प्रतिनिधि आए तो कांग्रेस ने नंगा नाच किया। ये लोग पचा नहीं पा रहे कि एक गरीब और अति-पिछड़े वर्ग से आने वाला व्यक्ति भारत को कैसे आगे बढ़ा रहा है।
भाजपा नेता ने कहा कि संविधान में अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता है, लेकिन अराजकता का प्रमाण-पत्र नहीं दिया जा सकता। यदि कांग्रेस इससे नहीं निकली और हुड़दंग करती रहेगी और देश को बदनाम करने की साजिशें रचती रहेगी तो यकीन से कहता हूं कि इनका भला नहीं हो सकता।
गुजरात में शादी के लिए माता-पिता की मंजूरी अनिवार्य करने के नियम पर मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा कि मुझे लगता है कि हमारे सामाजिक सरोकारों के प्रति सरलता भी होनी चाहिए, पारदर्शिता भी होनी चाहिए, और किसी तरह का भ्रम नहीं होना चाहिए। इसके लिए जो भी राज्य सरकारें या केंद्र सरकार करती हैं, उसके पीछे का मकसद यही होता है कि समाज की भलाई हो।