तिरुवनंतपुरम, 19 फरवरी। केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने बताया कि 25 फरवरी को केरल मजबूती और हिम्मत की एक नई कहानी लिखेगा। उन्होंने बताया कि इस दिन मुंडक्कई–चूरलमाला भूस्खलन से प्रभावित लोगों के लिए बनाए गए कल्पेट्टा टाउनशिप के पहले चरण का उद्घाटन किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट कर बताया कि यह सिर्फ एक उद्घाटन नहीं है, बल्कि यह इस बात का प्रतीक है कि हमने जो वादा किया था, उसे निभाया है और मिलकर फिर से जीवन को बसाया है।
उन्होंने लिखा कि जब यह आपदा आई और कई परिवारों ने सब कुछ खो दिया, तब हमने तय किया कि पूरा केरल एकजुट होकर उनके जीवन में फिर से उम्मीद लाएगा। भले ही हमें पूरी तरह से वह सहायता नहीं मिली जिसकी जरूरत थी, लेकिन हमने इंतजार नहीं किया और अपने लोगों की ताकत के साथ आगे बढ़ते रहे।
सीएम ने बताया कि पहले चरण में 178 परिवारों को सुरक्षित घर मिलेंगे और 178 लोगों को जमीन के मालिकाना हक के दस्तावेज (पट्टे) दिए जाएंगे। बाकी सभी 327 परिवारों को अगले मानसून से पहले जमीन और घर मिल जाएंगे, जिससे उनका पूरी तरह पुनर्वास हो सकेगा। बाकी घरों का निर्माण अंतिम चरण में है।
उन्होंने कहा कि यह सफर आसान नहीं था। इसमें कई चुनौतियां, संदेह और रुकावटें आईं, लेकिन केरल के लोगों ने सरकार का पूरा साथ दिया, और सभी मिलकर बिना पीछे हटे आगे बढ़ते रहे।
उन्होंने जानकारी दी कि कल्पेट्टा में जो टाउनशिप बन रही है, वह सिर्फ इमारतों का समूह नहीं है, बल्कि यह लोगों की गरिमा की बहाली, सामूहिक संकल्प और केरल की अटूट ताकत का प्रतीक है।
बता दें कि 30 जुलाई 2024 को केरल के वायनाड जिले के मुंडक्कई, चूरलमाला और पुंचिरीमट्टम गांवों में भीषण भूस्खलन हुआ। मूसलाधार बारिश के कारण पहाड़ी ढहने के बाद यह भयावह घटना घटित हुई थी। इस घटना में बड़ी संख्या में लोगों की जान गई और लापता हो गए।