'एआई समिट के बीच 9 वीडियो हटाए गए', कांग्रेस का केंद्र सरकार पर दोहरे रवैये का आरोप

'एआई समिट के बीच 9 वीडियो हटाए गए', कांग्रेस का केंद्र सरकार पर दोहरे रवैये का आरोप


नई दिल्ली, 19 फरवरी। कांग्रेस ने गुरुवार को केंद्र की मोदी सरकार पर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) को लेकर दोहरा रवैया अपनाने का आरोप लगाया। पार्टी ने कहा कि एक ओर सरकार भव्य एआई समिट आयोजित कर रही है, वहीं दूसरी ओर कांग्रेस के एआई-जनरेटेड व्यंग्यात्मक वीडियो हटाने के आदेश दे रही है।

नई दिल्ली में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में पार्टी प्रवक्ता और सोशल मीडिया व डिजिटल प्लेटफॉर्म्स की चेयरपर्सन सुप्रिया श्रीनेत ने दावा किया कि पिछले छह हफ्तों में कांग्रेस द्वारा तैयार किए गए नौ एआई-जनरेटेड वीडियो हटाए गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि यह कार्रवाई भाजपा सरकार और भाजपा शासित राज्यों के प्रशासन के निर्देश पर की गई।

श्रीनेत ने स्पष्ट किया कि सभी वीडियो पर पूरे समय “एआई जेनरेटेड” का डिस्क्लेमर स्पष्ट रूप से प्रदर्शित था और दर्शकों को गुमराह करने का कोई प्रयास नहीं किया गया। उनके अनुसार, ये वीडियो राजनीतिक व्यंग्य और संसद व सार्वजनिक मंचों पर विपक्ष द्वारा उठाए गए मुद्दों पर आधारित नाटकीय प्रस्तुति थे।

कांग्रेस ने आरोप लगाया कि वीडियो हटाने के आदेश या तो बिहार, राजस्थान, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र जैसे भाजपा शासित राज्यों की पुलिस द्वारा जारी किए गए या फिर इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय की ओर से।

श्रीनेत ने कहा कि धारा 69अ के तहत बिना पर्याप्त पारदर्शिता के कंटेंट ब्लॉक किया जा सकता है, जबकि धारा 79(3)(ब) प्लेटफॉर्म्स को सरकारी निर्देशों का पालन कर जिम्मेदारी से बचने की अनुमति देती है। उन्होंने आरोप लगाया कि वीडियो हटाने के कारणों को सार्वजनिक नहीं किया जाता और पूरी प्रक्रिया गोपनीय रहती है, जिससे न्यायिक चुनौती देना कठिन हो जाता है।

कांग्रेस ने प्रस्तावित ऑनलाइन सेंसरशिप पोर्टल “सहयोग” पर भी आपत्ति जताई। श्रिनेट का कहना था कि इससे कई सरकारी अधिकारियों को कंटेंट हटाने के निर्देश देने की शक्ति मिल जाएगी, जो डिजिटल अभिव्यक्ति पर कार्यपालिका के नियंत्रण को बढ़ाएगा। उन्होंने कहा, “अब नौकरशाह तय करेंगे कि देश क्या देखे और क्या नहीं।”

पार्टी ने यूट्यूब, मेटा और एक्स जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भी सवाल उठाए और आरोप लगाया कि ये कंपनियां सरकार के दबाव में वीडियो हटाने की होड़ में लगी हैं।

कांग्रेस ने नई दिल्ली में आयोजित एआई समिट के प्रबंधन पर भी चिंता जताई। श्रीनेत ने लॉजिस्टिक कमियों, उपकरणों पर प्रतिबंध और प्रतिभागियों के लिए अपर्याप्त इंटरनेट कनेक्टिविटी का मुद्दा उठाया।

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि एक निजी विश्वविद्यालय द्वारा प्रदर्शित एक चीनी निर्मित रोबोट को स्वदेशी बताया गया, जिसकी पोस्ट आईटी मंत्री द्वारा सोशल मीडिया पर साझा की गई थी, लेकिन बाद में हटा दी गई। इस संदर्भ में उन्होंने तंज करते हुए कहा कि देश के प्रधानमंत्री भी दूसरों की उपलब्धियों का श्रेय लेने से नहीं हिचकते।

कांग्रेस ने दोहराया कि उसके एआई-जनरेटेड वीडियो किसी कानून या शालीनता का उल्लंघन नहीं करते। पार्टी का कहना है कि इनका उद्देश्य सरकार से सवाल पूछना, जवाबदेही की मांग करना और जनहित के मुद्दों को उजागर करना है। श्रीनेट ने कहा कि राजनीतिक व्यंग्य और आलोचना लोकतंत्र में पूरी तरह वैध हैं।

साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस कांग्रेस के आईटी सेल से जुड़े युवाओं को डराने-धमकाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने चुनौती देते हुए कहा कि अगर मामला बनता है तो उनके खिलाफ दर्ज किया जाए, युवाओं को परेशान न किया जाए।
 
Similar content Most view View more

Latest Replies

Forum statistics

Threads
16,711
Messages
16,748
Members
20
Latest member
7519202689
Back
Top