लुधियाना, 17 फरवरी। केंद्रीय रेल राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने मंगलवार को कहा कि पंजाब के लुधियाना जिले के दोराहा में बन रहा चार लेन का रेलवे ओवरब्रिज एक ऐतिहासिक बुनियादी ढांचा साबित होगा, जिससे मालवा क्षेत्र के बीच संपर्क काफी मजबूत होगा।
बहुप्रतीक्षित चार लेन के पुल की आधारशिला रखने के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए मंत्री ने बताया कि 70.55 करोड़ रुपए की अनुमानित लागत वाली यह परियोजना अगले साल तक पूरी हो जाएगी।
उन्होंने कहा कि अब काम युद्धस्तर पर चलेगा और पुल को जल्द से जल्द खोला जाएगा, जिससे उन यात्रियों को राहत मिलेगी जिन्हें पिछले लगभग 12 वर्षों से इस ओवरब्रिज पर असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।
रवनीत सिंह ने कहा कि दोराहा लेवल क्रॉसिंग रोपड़ से लुधियाना को जोड़ने वाले एक महत्वपूर्ण सड़क मार्ग पर स्थित है और मालवा क्षेत्र के लिए एक महत्वपूर्ण कड़ी का काम करता है।
परियोजना की तात्कालिकता पर प्रकाश डालते हुए मंत्री ने बताया कि इस क्रॉसिंग से प्रतिदिन लगभग 190 ट्रेनें गुजरती हैं, जबकि 3,000 से अधिक वाहन इसका उपयोग करते हैं।
उन्होंने कहा कि रेल यातायात के कारण बार-बार बंद होने से लगातार जाम, लंबा इंतजार और यात्रियों, व्यापारियों और ट्रांसपोर्टरों सभी के लिए भारी असुविधा होती है। रेलवे ओवरब्रिज के निर्माण से ये समस्याएं जल्द ही दूर हो जाएंगी।
रवनीत सिंह ने इस परियोजना को क्षेत्र के लोगों के लिए एक बड़ा उपहार बताते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव को इसके लिए धन्यवाद दिया।
उन्होंने कहा कि चार लेन का ओवरब्रिज न केवल दैनिक आवागमन को सुगम बनाएगा बल्कि माल और सेवाओं की निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित करके आर्थिक गतिविधियों को भी गति देगा।
पंजाब में चल रहे रेलवे अवसंरचना विकास का संक्षिप्त विवरण देते हुए मंत्री ने बताया कि राज्य भर में 166 स्थानों पर ओवरब्रिज, अंडरब्रिज और कम ऊंचाई वाले सबवे पर 1,480.09 करोड़ रुपए की लागत से कार्य प्रगति पर है।
उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि पंजाब में रेलवे अवसंरचना विकास के लिए धन की कोई कमी नहीं है और राज्य के रेल नेटवर्क के आधुनिकीकरण और विस्तार के लिए सरकार की दृढ़ प्रतिबद्धता को दोहराया।
उन्होंने आगे बताया कि पंजाब के लिए वार्षिक रेलवे बजट आवंटन 2009-2014 की अवधि की तुलना में लगभग 25 गुना अधिक है, जो 5,673 करोड़ रुपए है।
वर्तमान में, पंजाब भर में 26,382 करोड़ रुपए की मूलभूत परियोजनाएं प्रगति पर हैं, जिनमें नए ट्रैक का निर्माण, स्टेशन का पुनर्निर्माण, सुरक्षा सुधार उपाय और अन्य क्षमता संवर्धन पहलें शामिल हैं।
इसके अतिरिक्त, राज्य के 30 रेलवे स्टेशनों का अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत 1,311 करोड़ रुपए के कुल निवेश से व्यापक पुनर्विकास किया जा रहा है, ताकि आधुनिक यात्री सुविधाएं और बेहतर व्यवस्थाएं उपलब्ध कराई जा सकें।
मंत्री ने दिल्ली और अंबाला के बीच तीसरी और चौथी रेलवे लाइन के निर्माण को मंजूरी देने के लिए प्रधानमंत्री और रेल मंत्री के प्रति आभार व्यक्त किया।