चेन्नई, 16 फरवरी। तमिलनाडु भाजपा अध्यक्ष नैनार नागेंद्रन ने अभिनेत्री त्रिशा कृष्णन पर की गई अपनी टिप्पणी को लेकर सोमवार को खेद व्यक्त किया। उनकी इस टिप्पणी के बाद विभिन्न दलों के नेताओं ने तीखी प्रतिक्रिया दी थी।
तिरुनेलवेली में पत्रकारों से बातचीत करते हुए नागेंद्रन ने कहा कि वह किसी भी प्रकार की व्यक्तिगत आलोचना का समर्थन नहीं करते। उन्होंने स्पष्ट किया कि 13 फरवरी को सलेम में टीवीके प्रमुख विजय के भाषण पर प्रतिक्रिया देते समय मीडिया से बातचीत के दौरान उनकी टिप्पणी अनजाने में निकल गई।
उन्होंने बताया कि भाजपा की राष्ट्रीय महिला मोर्चा अध्यक्ष वनथी श्रीनिवासन ने भी इस मुद्दे पर उनसे चर्चा की है। नागेंद्रन ने कहा, “यदि मेरे शब्दों से किसी को ठेस पहुंची है तो मैं ईमानदारी से खेद व्यक्त करता हूं।”
विवाद तब शुरू हुआ जब नागेंद्रन ने सलेम में विजय की सभा को लेकर बोलते हुए कथित तौर पर त्रिशा के संदर्भ में आपत्तिजनक व्यक्तिगत टिप्पणी कर दी।
यह टिप्पणी सामने आते ही विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं ने इसे अस्वीकार्य और महिलाओं के प्रति अनादरपूर्ण बताया।
डीएमके सांसद थमिझाची थंगापांडियन, सांसद कनिमोझी और कांग्रेस सांसद सुधा रामकृष्णन ने इस बयान की आलोचना की। उन्होंने सवाल उठाया कि एक जिम्मेदार पद पर बैठे वरिष्ठ राजनीतिक नेता द्वारा किसी महिला, विशेषकर सक्रिय राजनीति में शामिल न होने वाली अभिनेत्री, पर ऐसी टिप्पणी कैसे की जा सकती है।
आलोचकों ने कहा कि सार्वजनिक विमर्श शालीन और गरिमापूर्ण होना चाहिए तथा महिलाओं को निशाना बनाकर व्यक्तिगत हमले लोकतांत्रिक मूल्यों को कमजोर करते हैं।
विवाद के बीच त्रिशा ने अपने वकील के माध्यम से कड़ा बयान जारी किया। उन्होंने कहा, “असम्मानजनक व्यवहार की हमेशा निंदा होनी चाहिए।”
अभिनेत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि उनका किसी भी राजनीतिक दल से कोई संबंध नहीं है और भविष्य में राजनीति में आने का उनका कोई इरादा नहीं है। उन्होंने कहा, “मैं हमेशा की तरह राजनीतिक रूप से तटस्थ रहना पसंद करती हूं।”
त्रिशा ने आग्रह किया कि उनके नाम को गैर-जरूरी विवादों में न घसीटा जाए और सार्वजनिक पद पर आसीन लोगों को बयान देते समय जिम्मेदारी और संयम बरतना चाहिए।