नई दिल्ली, 16 फरवरी। एआई इम्पैक्ट समिट 2026 में सूचना और प्रसारण मंत्रालय ने पवेलियन के जरिए भारत की एआई क्षमता का प्रदर्शन किया। इस पवेलियन का उद्देश्य भारत के एआई इकोसिस्टम को न केवल वैश्विक प्रौद्योगिकी के उपभोक्ता के रूप में, बल्कि स्वदेशी, विस्तार योग्य और सामाजिक रूप से प्रासंगिक एआई समाधानों के क्रिएटर्स के रूप में प्रस्तुत करना है ।
सूचना और प्रसारण मंत्रालय ने बताया कि यह पवेलियन, जिसमें वेव्स क्रिएटर्स कॉर्नर स्थित है, एक मीडिया और संवाद स्थल के रूप में डिजाइन किया गया है जहां नीति निर्माता, स्टार्टअप, क्रियेटर्स और उद्योगपति भारत में एआई के विकास पर चर्चा कर सकते हैं।
एआई इम्पैक्ट समिट 2026 को 16 फरवरी से 20 फरवरी तक भारत मंडपम में आयोजित किया जा रहा है। इसमें देश और दुनिया के एआई क्षेत्र से जुड़े दिग्गज शामिल होंगे।
मंत्रालय ने बयान में कहा, "यह पवेलियन स्वास्थ्य सेवा, मीडिया, कंटेंट, शासन और सामाजिक प्रभाव जैसे विभिन्न क्षेत्रों में कार्यरत भारतीय स्टार्टअप और उद्यमियों को प्रमुखता प्रदान करता है। चुनिंदा वार्तालापों और संस्थापकों के नेतृत्व में होने वाली चर्चाओं के माध्यम से, यह घरेलू और वैश्विक बाजारों के लिए एआई उत्पाद विकसित करने वाली भारतीय कंपनियों को पहचान दिलाने का प्रयास करता है।"
एक अधिकारी ने कहा कि इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि भारतीय एआई नवाचार को वैश्विक स्तर पर देखा, समझा और प्रासंगिक बनाया जाए। यह पवेलियन स्टार्टअप्स और नीति निर्माताओं, निवेशकों और अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधियों के बीच सीधा संवाद स्थापित करता है।
पवेलियन के कार्यक्रमों का मुख्य आकर्षण वेव्स क्रिएटर्स कॉर्नर है, जहां संरचित पैनल चर्चाओं, अनौपचारिक विचार-विमर्श और स्टार्टअप प्रदर्शनियों की एक श्रृंखला आयोजित की जा रही है।
अधिकारियों ने कहा कि पवेलियन का व्यापक उद्देश्य स्थानीय संदर्भ को बनाए रखते हुए भारतीय कंपनियों को वैश्विक एआई चर्चाओं के साथ जोड़ना है, जिससे स्टार्टअप शिखर सम्मेलन में भाग लेने वाले अंतरराष्ट्रीय हितधारकों, निवेशकों और सरकारों के साथ जुड़ सकें।