नई दिल्ली, 15 फरवरी। अपने बयानों को लेकर अक्सर चर्चा में रहने वाले कांग्रेस नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री मणिशंकर अय्यर एक बार फिर सुर्खियों में बने हैं। इस बार उनके केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन को लेकर आए बयान ने कांग्रेस को असहज कर दिया है।
पूर्व केंद्रीय मंत्री अय्यर ने रविवार को कहा कि केरल भारत का इकलौता ऐसा राज्य है, जो पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के पदचिन्हों पर आगे बढ़ा है और जिसकी तरक्की हुई है। इसके अलावा उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन आगामी विधानसभा चुनाव में अपना पद बरकार रखेंगे। हालांकि कांग्रेस ने उनके इस बयान से पल्ला झाड़ लिया है। कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने इसको उनका व्यक्तिगत बयान बताया है।
पवन खेड़ा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक समाचार पत्र की खबर को रिपोस्ट करते हुए लिखा, "मणि शंकर अय्यर का पिछले कुछ वर्षों से कांग्रेस से कोई संबंध नहीं है। वे विशुद्ध रूप से अपनी व्यक्तिगत क्षमता से बोलते और लिखते हैं।"
दरअसल, पूर्व केंद्रीय मंत्री अय्यर तिरुवनंतपुरम में केरल सरकार के विजन 2031 इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस ऑन डेवलपमेंट एंड डेमोक्रेसी को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने कहा कि यह अजीब बात है कि केरल भारत का एकमात्र ऐसा राज्य है जिसने गांधी जी के बताए मार्ग पर चलकर तरक्की की है। वह भी भारत की मार्क्सवादी-लेनिनवादी पार्टी (सीपीआईएम) द्वारा शासित है।
उन्होंने यह भी कहा कि मुझे नहीं मालूम कि यह तारीफ है या अपमान। उन्होंने यह भी कहा कि मुझे पूरा विश्वास है कि पिनाराई अगले मुख्यमंत्री होंगे।
केरल में कांग्रेस मुख्य विपक्षी पार्टी की भूमिका में है, जबकि सीपीआईएम लगातार दो कार्यकाल से राज्य की सत्ता में काबिज है। इसके साथ ही सीपीआईएम को इस बार भी सत्ता संभालने की पूरी उम्मीद है। ऐसे में कांग्रेस ने मणि शंकर अय्यर के बयान पर प्रतिक्रिया दी है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पवन खेड़ा ने कहा कि मणि शंकर अय्यर का पिछले कुछ वर्षों से कांग्रेस से कोई संबंध नहीं है। वे विशुद्ध रूप से अपनी व्यक्तिगत क्षमता से बोलते और लिखते हैं।