कोऑपरेटिव बैंकों के अच्छे दिन! RBI-केंद्र मिलकर मजबूत करेंगे वित्तीय हालत, जमाकर्ताओं को मिलेगी सुरक्षा: पंकज चौधरी

आरबीआई कोऑपरेटिव बैंक की वित्तीय स्थिति सुधारने के लिए केंद्र के साथ मिलकर कर रहा कार्य: पंकज चौधरी


नई दिल्ली, 10 फरवरी। सरकार और भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने कोऑपरेटिव बैंकों की वित्तीय स्थिति, संचालन और डिजिटल समावेशन को मजबूत करने के साथ-साथ जमा सुरक्षा, ऋण उपलब्धता और विवेकपूर्ण विनियमन को बढ़ाने के लिए विभिन्न उपाय किए हैं। यह जानकारी सरकार की ओर से मंगलवार को संसद में दी गई।

केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने राज्यसभा में कहा कि केंद्रीय बैंक ने केंद्र सरकार के परामर्श से यह घोषणा की है कि 19 जनवरी 2026 से राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम (एनसीडीसी) को सहकारी समितियों को आगे ऋण देने के उद्देश्य से बैंकों द्वारा स्वीकृत किए गए ऋण, संबंधित श्रेणियों के अंतर्गत प्राथमिकता क्षेत्र ऋण के रूप में वर्गीकृत किए जाने के पात्र होंगे।

केंद्रीय मंत्री ने आगे कहा कि ये नियम क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों, शहरी कोऑपरेटिव बैंकों, स्मॉल फाइनेंस बैंकों और स्थानीय क्षेत्र बैंकों के अलावा अन्य बैंकों पर लागू होते हैं। ये ऋण उन उद्देश्यों और गतिविधियों के लिए हैं जो प्राथमिकता क्षेत्र ऋण संबंधी मास्टर डायरेक्शन, 2025 में निर्धारित हैं।

चौधरी ने कहा, शहरी कोऑपरेटिव बैंकों को नई ब्रांच खोलने की अनुमति दे दी गई है और अब यह बैंक अपनी लोन बुक के 25 प्रतिशत तक के हिस्से को हाउसिंग लोन पर खर्च कर सकते हैं, यह लिमिट पहले 10 प्रतिशत थी।

इसके अलावा, बैंकिंग विनियमन अधिनियम में संशोधन किया गया है, जिसके तहत सहकारी बैंकों के निदेशकों का कार्यकाल 8 वर्ष से बढ़ाकर 10 वर्ष कर दिया गया है तथा आधार सक्षम भुगतान प्रणाली (एईपीएस) से जुड़ने के लिए सहकारी बैंकों पर लगने वाला लाइसेंस शुल्क कम कर दिया गया है।

मंत्री ने कहा, “नेशनल अर्बन कोऑपरेटिव फाइनेंस एंड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड (एनयूसीएफडीसी), जो एक गैर-जमा स्वीकार करने वाली गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी (एबीएफसी) है, की स्थापना शहरी सहकारी बैंकों के लिए एक अम्ब्रेला संगठन के रूप में की गई है, ताकि उन्हें सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) अवसंरचना और परिचालन सहायता प्रदान की जा सके।”

ग्रामीण कोऑपरेटिव बैंकों को तकनीकी सेवाएं प्रदान करने के लिए ‘सहकार सारथी’ की स्थापना की गई है और भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा ग्रामीण सहकारी बैंकों को एकीकृत लोकपाल योजना में शामिल किया गया है।
 
Similar content Most view View more

Latest Replies

Forum statistics

Threads
16,711
Messages
16,748
Members
20
Latest member
7519202689
Back
Top