गांधीनगर, 9 फरवरी। श्रीलंका की रूलिंग पार्टी जनता विमुक्ति परमुना (जेवीपी) के जनरल सेक्रेटरी टिलविन सिल्वा और डेलीगेशन का गांधीनगर में स्वागत किया गया।
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने गुजरात में डेलीगेशन का स्वागत करते हुए भरोसा जताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लीडरशिप में भारत और श्रीलंका के रिश्ते और मजबूत हुए हैं और यह मीटिंग दोनों देशों के बीच लंबे समय तक चलने वाले ऐतिहासिक और सांस्कृतिक रिश्तों के लिए फायदेमंद होगी।
उन्होंने राज्य सरकार और श्रीलंका के बीच आपसी तालमेल की वकालत की, ताकि श्रीलंका अपने फायदे के सेक्टर के लिए अलग-अलग सेक्टर की पॉलिसी का फायदा उठा सके। इतना ही नहीं, इस मीटिंग में इस बात पर भी चर्चा हुई कि ज्यादा से ज्यादा गुजराती श्रीलंका जा सकें।
जेवीपी के जनरल सेक्रेटरी ने कहा कि वह गुजरात और महात्मा गांधी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की धरती भारत की इस पहली यात्रा से बहुत खुश हैं और गुजरात की तरक्की से प्रभावित हैं। उन्होंने श्रीलंका के कोलंबो में लगी प्रदर्शनी के लिए भगवान बुद्ध की पवित्र निशानियां देने के लिए केंद्र और राज्य सरकारों का शुक्रिया अदा किया। टिलविन सिल्वा ने शुक्रिया अदा किया कि भारत ने हमेशा जरूरत के समय श्रीलंका की मदद करने की तैयारी दिखाई है, जिसमें इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट भी शामिल है, और वह उसके साथ खड़ा रहा है।
उन्होंने इंडस्ट्रियल सेक्टर में गुजरात-श्रीलंका पार्टनरशिप की भी तारीफ की और अमूल के अपने दौरे का जिक्र करते हुए कोऑपरेटिव सेक्टर समेत अलग-अलग सेक्टर में गुजरात की एक्सपर्टाइज, नॉलेज शेयरिंग और जानकारी के बारे में जानने में गहरी दिलचस्पी दिखाई।
सीएम भूपेंद्र पटेल ने श्रीलंका को आने वाले वाइब्रेंट समिट 2027 में पार्टनर देश के तौर पर शामिल होने के लिए इनवाइट किया और प्रधानमंत्री के गाइडेंस में राज्य की रीजनल इंडस्ट्रियल काबिलियत को दुनिया के सामने दिखाने के लिए वीजीआरसी के सफल ऑर्गनाइजेशन की डिटेल भी दी।
मुख्यमंत्री के साथ इस कर्टसी कॉल में चीफ सेक्रेटरी एमके दास, इंडस्ट्रीज डिपार्टमेंट की एडिशनल चीफ सेक्रेटरी ममता वर्मा, मुख्यमंत्री के प्रिंसिपल सेक्रेटरी संजीव कुमार, इंडस्ट्रीज कमिश्नर पी स्वरूप, मुख्यमंत्री के एडिशनल प्रिंसिपल सेक्रेटरी डॉ. विक्रांत पांडे, सेक्रेटरी अजय कुमार और सीनियर अधिकारी मौजूद थे।