रानीपेट, 9 फरवरी। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने सोमवार को रानीपेट में आयोजित कार्यक्रम में टाटा मोटर्स-जगुआर लैंड रोवर (जेएलआर) के नए मैन्युफैक्चरिंग प्लांट का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि टाटा समूह भारतीय उद्योग का एक प्रमुख चेहरा है और तमिलनाडु के साथ उसका संबंध लंबे समय से मजबूत और भरोसेमंद रहा है।
मैन्युफैक्चरिंग प्लांट के उद्घाटन के बाद अपने संबोधन में मुख्यमंत्री स्टालिन ने कहा कि स्टील, आईटी, एयरलाइंस, ऑटोमोबाइल, उपभोक्ता वस्तुओं, हॉस्पिटैलिटी और दूरसंचार जैसे कई क्षेत्रों में टाटा समूह ने अपनी मजबूत पहचान बनाई है। उन्होंने कहा कि टाटा एक सच्चा बहुराष्ट्रीय भारतीय समूह है और टाटा नाम अपने आप में एक मजबूत ब्रांड वैल्यू रखता है। यदि भारत के ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरिंग हब की बात की जाए तो तमिलनाडु अग्रणी राज्य है। साथ ही, तमिलनाडु इलेक्ट्रिक वाहन निर्माण की राजधानी के रूप में भी तेजी से उभर रहा है और मोटर वाहन क्षेत्र में शीर्ष स्थान पर पहुंचने के पीछे राज्य की मजबूत औद्योगिक विरासत है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि टाटा समूह द्वारा तमिलनाडु को इस नए प्लांट के लिए चुनना राज्य के लिए गर्व की बात है। उन्होंने इसे देश के लिए राष्ट्रीय महत्व की परियोजना बताया। इस संयंत्र में विश्वस्तरीय जगुआर लग्जरी कारों का निर्माण किया जाएगा। कार्यक्रम के दौरान वैश्विक स्तर पर प्रसिद्ध रेंज रोवर के स्थानीय उत्पादन और लॉन्च की भी जानकारी दी गई।
स्टालिन ने कहा कि यह संयंत्र इस बात का प्रमाण है कि तमिलनाडु वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धा करने वाले वाहनों के निर्माण की क्षमता रखता है और यहां निर्मित उत्पाद अंतरराष्ट्रीय बाजारों के लिए तैयार किए जाते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि तमिलनाडु की पहचान सभी जिलों में संतुलित और व्यापक विकास के लिए जानी जाती है। उन्होंने कहा कि उभरते और नए क्षेत्रों में भी राज्य को उत्कृष्ट प्रदर्शन करना होगा और इसी लक्ष्य के साथ द्रविड़ मॉडल सरकार लगातार काम कर रही है।
उन्होंने उद्योग मंत्री टीआरबी राजा के कामकाज की सराहना करते हुए कहा कि केवल निवेश आकर्षित करना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उन्हें तेजी से जमीन पर लागू करना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। स्टालिन ने कहा कि तमिलनाडु का विकास मॉडल अनूठा है, जिसमें आर्थिक प्रगति के साथ सामाजिक न्याय और महिलाओं के सशक्तिकरण को प्राथमिकता दी जाती है। उन्होंने कहा कि टाटा मोटर्स जैसी कंपनियां राज्य की विकास यात्रा में मजबूत भागीदार बनें।
कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने टाटा समूह के चेयरमैन एन. चंद्रशेखरन का धन्यवाद किया और उनसे तमिलनाडु में और अधिक नए कारखाने तथा अनुसंधान एवं विकास केंद्र स्थापित करने का आग्रह किया। उन्होंने भरोसा जताया कि उत्कृष्ट बुनियादी ढांचे, शांतिपूर्ण माहौल और कुशल मानव संसाधन के कारण तमिलनाडु निवेश के लिए एक मजबूत राज्य है। उन्होंने आगे कहा कि हम हर संभव सहयोग देने के लिए तैयार हैं। तमिलनाडु टाटा समूह की पहली पसंद बने, यही हमारी अपेक्षा है।