नई दिल्ली, 7 फरवरी। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भारत और अमेरिका के बीच हुए व्यापार समझौते को भारतीय अर्थव्यवस्था के विकास की गति को बढ़ाने वाला बताया है। इसके साथ ही उन्होंने इस समझौते के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति आभार व्यक्त किया है।
अमित शाह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि भारत और अमेरिका के बीच हुए अंतरिम व्यापार समझौते ने भारत के तेजी से बढ़ते विकास को और भी गति प्रदान की है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के सपने को साकार करते हुए, यह समझौता 'मेक इन इंडिया,' मेहनती किसानों, उद्यमियों, लघु एवं मध्यम उद्यमों, स्टार्टअप नवप्रवर्तकों और मछुआरों के लिए एक नई शुरुआत का मार्ग प्रशस्त करता है, साथ ही युवाओं और महिलाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा करता है। इस ऐतिहासिक समझौते के लिए प्रधानमंत्री मोदी का हार्दिक आभार और भारत के प्रत्येक नागरिक को बधाई।
इससे पहले केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने शनिवार को जम्मू में विकास परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। बैठक के दौरान, केन्द्रीय गृह मंत्री ने सड़क बुनियादी ढांचे, जल विद्युत परियोजनाओं, बिजली, उद्योग, पर्यटन, 4जी और ऑप्टिकल फाइबर कनेक्टिविटी जैसे प्रमुख क्षेत्रों में विकास की व्यापक समीक्षा की। बैठक में जम्मू और कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा, मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला, केन्द्रीय गृह सचिव और केन्द्र सरकार और जम्मू और कश्मीर सरकार के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत सरकार, एक विकसित और समृद्ध जम्मू और कश्मीर के विजन के प्रति कटिबद्ध है। मोदी सरकार द्वारा विकास में तेजी लाने के लिए किए जा रहे निरंतर और समर्पित प्रयासों से जम्मू और कश्मीर में विकास परियोजनाओं में अभूतपूर्व प्रगति हुई है। जम्मू कश्मीर को जल विद्युत परियोजनाओं की पूरी क्षमता को विकसित करने की जरूरत है। सरकार की जनकल्याण योजनाओं का 100 प्रतिशत सैचुरेशन प्राप्त करना और सभी विकास परियोजनाओं का लाभ लाभार्थियों को मिलना सुनिश्चित करने पर विशेष ध्यान दिया जाए।
केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री ने कहा कि युवाओं को विकास के साथ जोड़ने के लिए स्पोर्ट्स इन्फ्रास्ट्रक्चर विकसित करने और स्पोर्ट्स अकादमियों की स्थापना पर ध्यान दिया जाए। इस विषय में विभिन्न स्पोर्ट्स बॉडीज से बात करके लगभग 200 करोड़ रुपए के निवेश की कोशिश की जाएगी। नेशनल डेयरी डेवलपमेंट बोर्ड के माध्यम से जम्मू और कश्मीर में डेयरी क्षेत्र को बढ़ावा देने के प्रयास होने चाहिए।