राजस्थान विधानसभा: '5 बनाम 2 साल' पर महासंग्राम तय! CM भजन लाल ने कांग्रेस की चुनौती लपकी, बोले- मैं तैयार

राजस्थान: सीएम भजन लाल शर्मा ने कांग्रेस की '5 साल बनाम 2 साल' पर बहस की चुनौती स्वीकार की


जयपुर, 5 फरवरी। राजस्थान विधानसभा में गुरुवार को राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा के जवाब देने पर बार-बार बाधा डालने की कोशिश की गई।

राजस्थान विधानसभा में मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा और विपक्षी कांग्रेस के बीच तीखी बहस देखी गई। मुख्यमंत्री ने कांग्रेस की चुनौती स्वीकार करते हुए कहा कि वे विधानसभा में पिछले पांच साल की कांग्रेस सरकार और वर्तमान दो साल की भाजपा सरकार के प्रदर्शन पर विस्तृत चर्चा के लिए पूरी तरह तैयार हैं।

सीएम भजन लाल शर्मा ने कहा कि विपक्ष ने मुझे पांच साल बनाम दो साल बहस के लिए चुनौती दी है और मैं इसे स्वीकार करता हूं। मैं सभी संबंधित दस्तावेज सदन में प्रस्तुत कर रहा हूं। अध्यक्ष कृपया समय निर्धारित करें– मैं इस बहस के लिए पूरी तरह तैयार हूं।

मुख्यमंत्री का जवाब सुनने के बाद सदन को 11 फरवरी तक स्थगित कर दिया गया। इस दौरान कांग्रेस के विधायक दो बार हंगामा करते नजर आए। पहली बार जब मुख्यमंत्री ने विशेष जांच रिपोर्ट (एसआईआर) से जुड़े आरोपों को खारिज किया और दूसरी बार जब उन्होंने ‘दो साल बनाम पांच साल’ बहस के लिए अपनी तत्परता जताई।

भजन लाल शर्मा ने कहा, “जब सत्ता हाथ में थी, तब एक हाथ में सत्ता थी और दूसरे में रिश्तेदारों के लिए सिफारिशें। परीक्षाएं हुईं, लेकिन प्रश्न पहले से ही जेब में थे। मेहनती युवा नजरअंदाज किए गए।”

उन्होंने कांग्रेस के राज्य अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा को अप्रत्यक्ष रूप से निशाना बनाते हुए कहा कि सत्ता में रहते समय लोगों को मदद के लिए विशेष ‘बड़ा’ के पास भेजा जाता था, जहां फैसले होते थे। उन्होंने आगे कहा, “ईमानदारी सेवा में होती है, अवकाश में नहीं। युवाओं को भाषण नहीं, निष्पक्ष परीक्षाएं चाहिए।”

मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने 5.79 लाख करोड़ रुपए से अधिक का कर्ज छोड़ा और भाजपा सरकार ने इसे सुधारने के लिए काम किया। उन्होंने विपक्ष पर विकास न देख पाने का मजाक उड़ाते हुए कहा, “यदि विपक्ष विकास नहीं देख पा रहा है तो मैं चश्मा भी लगवा सकता हूं।”

विपक्ष के नेता टीकाराम जूली ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकार ब्रांडिंग पर ध्यान दे रही है, लेकिन कार्य पर नहीं। उन्होंने कहा, “चाहे काम हो या नहीं, ब्रांडिंग चल रही है। मुख्यमंत्री रील बनाते हैं। 8 करोड़ रुपए का ब्रांडिंग ठेका दिया गया। यूट्यूब चैनल बनाए गए, लेकिन उनमें 100 व्यूज भी नहीं हैं।”

जूली ने प्रशासनिक अस्थिरता और वंदे मातरम विवाद को भी उठाया और सवाल किया कि कौन सा हिस्सा हटाया गया जिससे हंगामा हुआ। उन्होंने कहा कि वे उत्तर का इंतजार करेंगे, लेकिन किसी सत्तापक्ष के सदस्य ने जवाब नहीं दिया।
 
Similar content Most view View more

Latest Replies

Forum statistics

Threads
16,711
Messages
16,748
Members
20
Latest member
7519202689
Back
Top