बांग्लादेश: चुनाव से पहले बढ़ी राजनीतिक हिंसा, 11 की मौत, 616 घायल

बांग्लादेश: चुनाव से पहले बढ़ी राजनीतिक हिंसा, 11 की मौत, 616 घायल


ढाका, 3 फरवरी। बांग्लादेश में मोहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार के दौरान कानून-व्यवस्था की स्थिति बिगड़ती जा रही है। आगामी 12 फरवरी को होने वाले राष्ट्रीय चुनाव से पहले देशभर में राजनीतिक हिंसा में तेज़ बढ़ोतरी देखी गई है। जनवरी महीने में हिंसा से जुड़ी घटनाओं में दिसंबर 2025 की तुलना में भारी इजाफा हुआ है। यह जानकारी ढाका स्थित मानवाधिकार संगठन के हवाले से स्थानीय मीडिया ने मंगलवार को दी।

मानवाधिकार संगठन आइन ओ सालिश केंद्र (एएसके) की ताज़ा रिपोर्ट के अनुसार, जनवरी में राजनीतिक हिंसा की 75 घटनाएं दर्ज की गईं, जिनमें 616 लोग घायल हुए और 11 लोगों की मौत हो गई। इसके मुकाबले दिसंबर 2025 में 18 घटनाएं सामने आई थीं, जिनमें 268 लोग घायल और चार की मौत हुई थी।

रिपोर्ट में कहा गया है कि 22 जनवरी को चुनाव कार्यक्रम की घोषणा और प्रचार अभियान शुरू होने के बाद हिंसक झड़पों में और तेजी आई। एएसके के अनुसार, 21 से 31 जनवरी के बीच 49 झड़पें हुईं, जिनमें चार लोगों की मौत और 414 लोग घायल हुए। इससे साफ है कि मतदान की तारीख नजदीक आते ही हिंसा बढ़ती जा रही है।

मानवाधिकार संगठन ने यह भी बताया कि बढ़ती राजनीतिक हिंसा के बीच पत्रकारों को भी निशाना बनाया जा रहा है। दिसंबर में जहां ड्यूटी के दौरान 11 पत्रकारों के साथ बाधा या हमले की घटनाएं सामने आई थीं, वहीं जनवरी में यह संख्या बढ़कर 16 हो गई। बांग्लादेश के प्रमुख अखबार द डेली स्टार ने यह जानकारी दी।

हिंसा पर चिंता जताते हुए एएसके ने सभी राजनीतिक दलों से संयम बरतने और चुनाव प्रचार के दौरान शांति बनाए रखने की अपील की है। साथ ही, कानून प्रवर्तन एजेंसियों से नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और उनके संवैधानिक अधिकारों की रक्षा करने का आग्रह किया गया है।

पिछले सप्ताह स्थानीय मीडिया ने बताया था कि चुनाव प्रचार शुरू होते ही उम्मीदवारों और कानून व्यवस्था से जुड़े कर्मियों को निशाना बनाकर धमकियों और हमलों की घटनाएं बढ़ गई हैं, जिससे पूरे देश में चुनावी प्रक्रिया की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंताएं पैदा हो गई हैं।

चुनावी अभियान की शुरुआत से ही कई निर्वाचन क्षेत्रों में गोलीबारी, चाकूबाजी, तोड़फोड़ और झड़पों की घटनाएं सामने आई हैं, जिनमें कई लोग घायल हुए और कुछ की जान चली गई। इसके अलावा, कई इलाकों में चुनाव से जुड़ा बुनियादी ढांचा- जैसे कैंप, माइक्रोफोन, कार्यालय, वाहन और यहां तक कि मतदान केंद्रों पर लगाए गए सीसीटीवी कैमरे- तोड़फोड़ या लूट का शिकार हुए हैं।

12 फरवरी के चुनाव से पहले बांग्लादेश में राजनीतिक हिंसा लगातार बढ़ रही है। जो राजनीतिक दल पहले अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार मोहम्मद यूनुस के साथ मिलकर शेख हसीना के नेतृत्व वाली अवामी लीग की निर्वाचित सरकार को हटाने में शामिल थे, वही अब आगामी चुनाव जीतने के लिए आपसी सत्ता संघर्ष में उलझे हुए हैं।
 

Similar threads

Latest Replies

Trending Content

Forum statistics

Threads
3,494
Messages
3,526
Members
18
Latest member
neodermatologist
Back
Top