चेन्नई, 2 फरवरी। तमिलगा वेत्री कझगम (टीवीके) की तीसरी वर्षगांठ का जश्न पार्टी के पनैयूर कार्यालय में उत्साह के साथ शुरू हुआ। इस मौके पर पार्टी अध्यक्ष विजय ने जोशीले और उत्सवपूर्ण अंदाज में संबोधन किया। इसके जरिए आगामी तमिलनाडु विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी के पुनरुत्थान और मजबूत इरादों का संदेश दिया गया।
यह कार्यक्रम तमिलनाडु वेत्री कझगम (टीवीके) के औपचारिक लॉन्च की तीसरी वर्षगांठ का प्रतीक था। 2 फरवरी 2024 को विजय ने राजनीतिक प्रवेश की घोषणा की थी और पार्टी के नाम की घोषणा की थी।
उसके बाद से टीवीके की राजनीतिक यात्रा तेज गति से आगे बढ़ी है। पार्टी ने बड़े-बड़े सम्मेलन आयोजित किए और तमिलनाडु में खुद को एक गंभीर चुनावी ताकत के रूप में स्थापित करने में कोई कसर नहीं छोड़ी।
टीवीके का पहला बड़ा पार्टी सम्मेलन विक्रावंडी, विलुपुरम जिले में हुआ, जहां भारी जनता की भागीदारी ने अनुभवी राजनीतिक विश्लेषकों को भी चौंका दिया।
इस सफलता के बाद पार्टी ने अपना अगला बड़ा सम्मेलन मदुरै में आयोजित किया, जिससे पार्टी की जमीनी पकड़ और स्वयंसेवक आधार पूरे राज्य में और मजबूत हुआ।
इसके बाद विजय ने त्रिची (त्रिचिरापल्ली) से अपना पहला चुनाव अभियान शुरू किया, जिससे यह संकेत मिला कि टीवीके तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में पूरी तैयारी के साथ उतरने के लिए तैयार है।
हालांकि, करूर स्टैम्पेड हादसे से जुड़े तनाव और व्यवधानों के कारण यह अभियान थोड़े समय के लिए रुका। कुछ समय के ठहराव के बाद पार्टी ने अब अपने राजनीतिक कार्यों को फिर से शुरू कर दिया है, और पनैयूर के कार्यक्रम को पार्टी की गतिविधि दोबारा शुरू करने की कोशिश मानी जा रही है।
पार्टी की तीसरी वर्षगांठ के अवसर पर विजय पनैयूर पार्टी कार्यालय पहुंचे, जहां उन्हें टीवीके के महासचिव एन. आनंद, वरिष्ठ नेता आधव अर्जुन और अन्य प्रशासनिक नेताओं ने गर्मजोशी से स्वागत किया।
समारोह के दौरान, विजय ने पार्टी कार्यालय परिसर में स्थापित टीवीके के वैचारिक नेताओं की मूर्तियों पर फूल चढ़ाए। इसके बाद उन्होंने पार्टी का झंडा फहराया और पार्टी के विजन और संगठनात्मक अनुशासन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण लोकप्रिय गायक वेल्मुरुगन द्वारा लोक संगीत का लाइव प्रदर्शन था। नियमों से हटकर विजय ने उत्साहपूर्वक संगीत पर नृत्य किया, जिससे वहां मौजूद पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने जोरदार तालियों, शोर और जयकारों से उनका उत्साह बढ़ाया।
यह पल, जिसे सहज और प्रतीकात्मक माना गया, पार्टी के भीतर नई आत्मविश्वास की झलक को दर्शाता है।
टीवीके समर्थकों के लिए पनैयूर समारोह केवल वर्षगांठ कार्यक्रम नहीं था, बल्कि यह स्पष्ट संदेश था कि पार्टी और इसके नेता फिर से चुनावी मोड में हैं, उत्साहित हैं और आने वाली राजनीतिक लड़ाइयों के लिए तैयार हैं।