नई दिल्ली, 1 फरवरी। अमेरिका-भारत रणनीतिक साझेदारी मंच (यूएसआईएसपीएफ) ने केंद्रीय बजट 2026-27 का स्वागत किया है। संगठन के आधिकारिक 'एक्स' हैंडल पर जारी पोस्ट में कहा गया है कि वित्त एवं कॉर्पोरेट मामलों की मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश यह बजट प्रगतिशील और व्यापक वित्तीय ढांचा प्रस्तुत करता है, जो लगातार विकास, रोजगार सृजन और व्यापार करने में आसानी को बढ़ावा देता है।
यूएसआईएसपीएफ ने बजट के टेक्नोलॉजी-आधारित सुधारों, सेक्टोरल प्रतिस्पर्धा और व्यापार सुविधा पर फोकस की सराहना की। संगठन के अनुसार, ये प्रावधान यूएसआईएसपीएफ की प्राथमिकताओं से पूरी तरह मेल खाते हैं और वैश्विक निवेश गंतव्य के रूप में भारत की आकर्षण क्षमता को और मजबूत करते हैं। यूएसआईएसपीएफ के अध्यक्ष और सीईओ मुकेश अघी ने कहा कि बजट में कस्टम्स, टैक्सेशन और टेक्नोलॉजी ग्रोथ से जुड़े महत्वपूर्ण सुधारों ने भारत की आर्थिक दिशा को और स्पष्ट किया है।
बजट में ट्रांसफर प्राइसिंग और सेफ हैबर नियमों को सरल बनाने, टैक्स सर्टेन्टी बढ़ाने और ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को प्राथमिकता देने वाले कदमों की विशेष प्रशंसा की गई। यूएसआईएसपीएफ ने पूर्व-बजट सिफारिशों में पारदर्शिता, पूर्वानुमानिता और स्थिरता के सिद्धांतों पर जोर दिया था, जो अब बजट में परिलक्षित हो रहे हैं। संगठन का मानना है कि ये सुधार अमेरिकी कंपनियों सहित वैश्विक निवेशकों के लिए भारत को अधिक आकर्षक बनाएंगे।
यूएसआईएसपीएफ भारत-अमेरिका के बीच रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करने वाला प्रमुख मंच है, जो दोनों देशों के बीच व्यापार, निवेश, टेक्नोलॉजी और नवाचार को बढ़ावा देता है। संगठन ने बजट को लंबी अवधि के आर्थिक विकास और वैश्विक प्रतिस्पर्धा बढ़ाने वाला बताया। बजट में एमएसएमई, विनिर्माण, डिजिटल इकोनॉमी और इंफ्रास्ट्रक्चर पर फोकस से रोजगार सृजन और निर्यात वृद्धि की उम्मीद जगी है।
बता दें कि केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को संसद में आम बजट 2026-27 को पेश किया। उन्होंने कहा कि यह सदी की दूसरी तिमाही का पहला बजट है, जो 2047 तक विकसित भारत की ओर अग्रसर है। सीतारमण ने बताया कि हम विकास की गति को बनाए रखने के लिए अर्थव्यवस्था को गति प्रदान कर रहे हैं और सतत आर्थिक विकास के लिए मार्ग प्रशस्त कर रहे हैं।