नई दिल्ली, 1 फरवरी। केंद्रीय बजट 2026 को लेकर सत्तारूढ़ एनडीए गठबंधन और भाजपा नेताओं की प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं। नेताओं ने इस बजट को दूरदर्शी, ऐतिहासिक और देश के हर वर्ग को आगे बढ़ाने वाला बताया है।
केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने बजट की सराहना करते हुए कहा कि यह एक विजनरी बजट है, जो 2047 तक 'विकसित भारत' के निर्माण की मजबूत नींव रखता है। उन्होंने खास तौर पर वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की उपलब्धि का जिक्र किया।
चिराग पासवान ने कहा, "यह बजट इसलिए भी खास है क्योंकि वित्त मंत्री ने इसे लगातार नौवीं बार पेश किया है, और इससे भी अधिक उल्लेखनीय बात यह है कि उन्होंने नौ बार एक ही प्रधानमंत्री के नेतृत्व में बजट पेश किया है।"
लोजपा (रामविलास) सांसद शांभवी चौधरी ने भी बजट को ऐतिहासिक और दूरदर्शी बताया। उन्होंने कहा कि यह बजट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में 'सबका साथ, सबका विकास' की भावना को दर्शाता है। उनके अनुसार, बजट समाज के हर वर्ग पर ध्यान केंद्रित करता है और युवाओं को प्राथमिकता देता है।
उन्होंने कहा कि कौशल विकास और रोजगार सृजन के लिए संस्थानों की स्थापना पर विशेष जोर दिया गया है, जिससे युवाओं को आगे बढ़ने के बेहतर अवसर मिलेंगे।
भाजपा सांसद दिनेश शर्मा ने कहा कि यह बजट युवाओं, महिलाओं, किसानों और उद्यमियों के लिए उत्साहजनक है। उन्होंने बताया कि इसमें शिक्षा, स्वास्थ्य, स्टार्टअप्स, पर्यटन, परिवहन और निर्यात जैसे अहम क्षेत्रों को मजबूत समर्थन दिया गया है, जिससे देश की आर्थिक प्रगति को नई गति मिलेगी।
भाजपा सांसद शशांक मणि त्रिपाठी ने बजट की आर्थिक स्थिति पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने कहा, "हमारी अर्थव्यवस्था अच्छा प्रदर्शन कर रही है। जीडीपी का अनुमान 7.4 प्रतिशत है और महंगाई दर 1.7 प्रतिशत पर काबू में है। वित्तीय घाटा 4.4 प्रतिशत तक सीमित रखा गया है।" उन्होंने इसे सर्वांगीण विकास को बढ़ावा देने वाला और ‘विकसित भारत’ की दिशा में अहम कदम बताया।
भाजपा सांसद कमलजीत सहरावत ने कहा, "आज का बजट भारत के 2047 के विजन को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। देश की अर्थव्यवस्था और लोगों को सशक्त करने वाले हर पहलू को ध्यान से शामिल किया गया है।"