डोडा की बेटियों ने भरी सपनों की उड़ान, 'बेटी बचाओ' टूर से मिलेगा ज्ञान और करियर को नई दिशा

'बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ: डोडा प्रशासन ने छात्राओं के लिए शैक्षणिक एक्सपोजर टूर को दिखाई हरी झंडी


डोडा, 1 फरवरी। जम्मू-कश्मीर में डोडा जिला प्रशासन ने 'बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ' योजना के तहत छात्राओं के लिए एक विशेष शैक्षणिक एक्सपोजर टूर को जम्मू के लिए हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

इस पहल का उद्देश्य छात्राओं को किताबों से निकालकर वास्तविक अनुभव के जरिए सीखने का मौका देना है ताकि वे शैक्षणिक संस्थानों, ऐतिहासिक स्थलों और अकादमिक महत्व के स्थानों को करीब से देख और समझ सकें।

इस यात्रा से छात्राओं में जागरूकता, आत्मविश्वास और समग्र विकास को बढ़ावा मिलेगा। टूर के दौरान छात्राएं विभिन्न प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थानों का दौरा करेंगी और वहां के कामकाज को समझेंगी, जिससे उनके करियर के प्रति सोच और लक्ष्य को नई दिशा मिलेगी।

एक छात्रा ने आईएएनएस से कहा, "हम इस टूर को एक बहुत ही शैक्षणिक अनुभव के रूप में देख रहे हैं। हम इन जगहों को देखने के लिए बहुत उत्साहित हैं, क्योंकि यहां हमें बहुत कुछ सीखने को मिलेगा। हम आईआईटी और एम्स जैसे संस्थानों को देखेंगे और समझेंगे कि वे कैसे काम करते हैं।"

एक अन्य छात्रा ने बताया कि यह यात्रा उन छात्रों के लिए खास तौर पर फायदेमंद है जो भविष्य में नीट, जेईई और आईआईटी जैसे क्षेत्रों में करियर बनाना चाहते हैं। उसने कहा, "मैं इसे छात्रों के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर मानती हूं जिससे वे समझ सकें कि एम्स जैसे कॉलेज और संस्थान कैसे काम करते हैं।"

प्रशासन का मानना है कि ऐसे शैक्षणिक भ्रमण से छात्राओं में आत्मविश्वास बढ़ता है और वे बड़े सपने देखने के लिए प्रेरित होती हैं। उन्हें न केवल शैक्षणिक माहौल से रूबरू होने का मौका मिलता है, बल्कि ऐतिहासिक और सांस्कृतिक स्थलों को देखकर उनके ज्ञान का दायरा भी बढ़ता है।

इस पहल को स्थानीय स्तर पर काफी सराहना मिल रही है। अभिभावकों और शिक्षकों का कहना है कि इस तरह की यात्राएं बच्चों के व्यक्तित्व विकास में अहम भूमिका निभाती हैं और उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करती हैं।
 

Forum statistics

Threads
9,526
Messages
9,563
Members
19
Latest member
Jessantict5434
Back
Top