हाफ एनकाउंटर पर इलाहाबाद हाईकोर्ट की कड़ी फटकार, पूर्व DGP बोले- पुलिस का काम सजा देना नहीं, मानवाधिकार सर्वोपरि

‘हाफ एनकाउंटर’ पर इलाहाबाद हाईकोर्ट सख्त, पूर्व डीजीपी विक्रम सिंह बोले-मानवाधिकार सर्वोपरि


नोएडा, 31 जनवरी। पूर्व डीजीपी विक्रम सिंह ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के उस निर्देश पर प्रतिक्रिया दी है, जिसमें कोर्ट ने कहा कि सजा देना पुलिस का नहीं, बल्कि न्यायपालिका का काम है। कोर्ट ने उत्तर प्रदेश पुलिस की ओर से किए जा रहे 'हाफ एनकाउंटर' पर सवाल उठाते हुए कहा कि यह सब प्रमोशन के लिए किया जाता है।

हाफ एनकाउंटर पर इलाहाबाद हाईकोर्ट की सख्त टिप्पणी पर पूर्व डीजीपी विक्रम सिंह ने आईएएनएस से बातचीत में कहा कि हाईकोर्ट ने एक अहम निर्देश जारी किया है, जिसमें पुलिसकर्मियों और अधिकारियों को गाइडेंस दी गई है कि साल 2014 में सुप्रीम कोर्ट ने जो व्यवस्था दी थी—पीपल्स यूनियन ऑफ सिविल लिबर्टीज बनाम महाराष्ट्र सरकार मामले में पुलिस के बारे में दिए गए निर्देशों का ईमानदारी से पालन किया जाना चाहिए।

उन्होंने कहा कि हाईकोर्ट ने इस बात पर भी आपत्ति जताई है कि जो 'हाफ एनकाउंटर' या 'ऑपरेशन लंगड़ा' चलाया जाता है, उसका कोई औचित्य नहीं है। जो भी मुठभेड़ हो, सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइंस के साथ-साथ सुनिश्चित किया जाए कि मानवाधिकार का हनन न हो। हम मानवाधिकार और हाईकोर्ट का सम्मान करते हैं और इन्हें सर्वोच्च प्राथमिकता भी देते हैं।

पूर्व डीजीपी ने बताया कि कोर्ट ने एसीएस होम संजय प्रसाद को 30 जनवरी को तलब भी किया था और दिशा-निर्देश भी दिए गए। पूर्व डीजीपी ने कहा कि अब सवाल यह है कि हाईकोर्ट को ऐसे निर्देश जारी करने की नौबत क्यों आई? उन्होंने बताया कि कोर्ट ने यह भी कहा है कि कुछ पुलिस अधिकारी अपना महिमामंडन करने के लिए इस तरह हाफ एनकाउंटर करवाते हैं। वे आउट ऑफ टर्न प्रमोशन लेना चाहते हैं।

पूर्व डीजीपी ने कहा कि दिल्ली में एक पूर्व न्यायाधीश के आवास से नोटों के बंडल में आग लगने का प्रकरण सामने आया था। कुछ इस ओर भी दिशा-निर्देश मिलता है तो सभी को यकीन होता कि कानून के समक्ष सभी बराबर हैं।
 
Similar content Most view View more

Latest Replies

Forum statistics

Threads
16,711
Messages
16,748
Members
20
Latest member
7519202689
Back
Top