नई दिल्ली, 29 जनवरी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को देश की शीर्ष आईटी कंपनियों के सीईओ और एक्सपर्ट्स से बैठक की। इसमें उन्होंने बिजनेस लीडर्स से एआई को लेकर चर्चा की।
बैठक के बाद एचसीएल टेक के सीईओ और एमडी सी विजयकुमार ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सुनना काफी प्रेरित करने वाला था। उन्हें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के बारे में काफी जानकारी है। उनका फोकस ऐसे एआई सॉल्यूशंस विकसित करने पर है, जिसे दुनिया सर्वोत्तम समझे।
एटीआई माइंडट्री के सीईओ और एमडी वेणुगोपाल लम्बू ने कहा कि यह मेरे लिए दुनिया के वर्ल्ड लीडर्स के साथ की गई वाली सबसे प्रेरणादायक बातचीत थी। इसमें दुनिया में प्रभाव दिखाने और साथ विश्व को प्रेरित करने को लेकर बातचीत हुई। आने वाले समय में टेक्नोलॉजी से ही सारी चीजें तय होगी, ऐसे में आर्थिक विकास और स्वास्थ्य तक पहुंच स्थापित करने में एआई की काफी भूमिका होगी। इस पर चर्चा की गई।
पीएम मोदी से हुई बातचीत पर टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज के सीईओ के.कृतिवासन ने कहा कि बैठक में आत्मनिर्भरता को लेकर बातचीत की गई। साथ ही कैसे एआई का फायदा उठाते हुए नागरिकों को डेटा को सुरक्षित रखा जाए, इस पर भी चर्चा हुई।
विप्रो के सीईओ श्रीनि पल्लिया ने बताया कि उन्होंने भारत को कौशल प्रदान करने, भारत केंद्रित एप्लिकेशन बनाने, एक संप्रभु बुनियादी ढांचा तैयार करने और दुनिया की मदद करने के बारे में बात की।
पल्लिया ने बताया कि पीएम ने कुछ बेहतरीन उदाहरणों के बारे में भी बताया कि कैसे हम यूपीएआई के माध्यम से भारत को आत्मनिर्भर बना सकते हैं। कैसे हम वास्तव में भारत को एआई निर्यातक बना सकते हैं।
जोहो के सीईओ श्रीधर वेम्बू ने कहा कि पीएम मोदी ने हमें अपने देश से संबंधित समस्याओं पर काम करने की प्रेरणा और प्रोत्साहन दिया। एआई का लाभ कैसे उठाया जाए और इसे हर भारतीय के लिए कैसे उपयोगी बनाया जाए, इस पर चर्चा की गई।
अदाणी कॉनेक्स के सीईओ जयाकुमार जनकराज ने बताया कि पीएम मोदी ने सरल उदाहरणों के माध्यम से बताया कि कैसे हम एआई को केवल इन्फ्रास्ट्रक्चर के रूप में नहीं, बल्कि एक वास्तविक इकाई के रूप में विकसित करना चाहते हैं, जिसमें भारतीयता की झलक हो।