मुंबई, 24 जनवरी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तमिलनाडु दौरे के दौरान राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) का शक्ति प्रदर्शन किया। यह रैली आगामी विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा की तैयारियों का शंखनाद माना जा रहा है, जिसे लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज है। शिवसेना (यूबीटी) प्रवक्ता आनंद दुबे ने शनिवार को भाजपा पर तंज कसा।
शिवसेना (यूबीटी) प्रवक्ता आनंद दुबे ने आईएएनएस से बातचीत करते हुए कहा, "तमिलनाडु में कांग्रेस और डीएमके के नेतृत्व की सरकार है। वहां पर भाजपा का न कोई विधायक, सांसद, और न कोई संगठन है। वह वहां के किसी दल के साथ गठबंधन करके घुसना चाहती है। वह किसी और के कंधे पर बैठकर आगे बढ़ना चाहती है, लेकिन तमिलनाडु की जनता जागरूक है। वह सब देख रही है। वह बराबर उनका हिसाब करेगी।"
"पीएम मोदी तमिलनाडु के साथ-साथ कर्नाटक, तेलंगाना और केरल में प्रयास कर रहे हैं। वे हर जगह प्रयास कर रहे हैं। उन्हें प्रयास करते रहना चाहिए, 100 साल बाद जरूर उन्हें मंजिल मिलेगी। ऐसे ही वे किसी समय महाराष्ट्र में प्रयास कर रहे थे, उस समय बालासाहब ठाकरे ने उनका सहयोग किया और उन्हें आगे बढ़ाया, लेकिन उन्होंने उनकी ही पार्टी तोड़ दी। ऐसे में भाजपा के करीब जो जाएगा, वे उसकी पार्टी तोड़ देगी।"
उन्होंने दिल्ली में कांग्रेस की महत्वपूर्ण बैठक से शशि थरूर के नदारद रहने पर कहा, "कांग्रेस पार्टी और शशि के बीच की बात है। उसके बारे में मैं कुछ नहीं बोल सकता। शशि थरूर बहुत अच्छा काम करते हैं, उनके पास बहुत ज्यादा अनुभव है। कांग्रेस पार्टी और थरूर को लगता होगा कि उन्हें एक-दूसरे की जरूरत नहीं है। ऐसे में यह उनका आपसी मामला है। कांग्रेस जिस अंतर्कलह से गुजर रही है, अगर वे शशि थरूर जैसे नेताओं का सम्मान नहीं करेगी तो किसका सम्मान करेगी? कांग्रेस और शशि थरूर को बैठकर इस विवाद को समाप्त करना चाहिए।"
उन्होंने बालासाहेब ठाकरे की जयंती पर कहा, "दिवंगत बालासाहेब ठाकरे सिर्फ महाराष्ट्र के नेता नहीं, बल्कि पूरे देश के नेता थे। उन्होंने हिंदुओं के लिए जो आवाज उठाई, वह न सिर्फ भारत में बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी गूंजी। हालांकि, जिन्हें उनकी पार्टी में पाला-पोसा गया और जो मजबूत हुए, उन्होंने अब इसे दो गुटों में बांट दिया है।"