गया, 14 मार्च। 'हर घर रक्तदान' मुहिम के तहत शहीद भगत सिंह यूथ ब्रिगेड द्वारा रविवार को गया जी के हरिदास सेमिनरी ऑडिटोरियम में राष्ट्रीय रक्तदान अधिवेशन का आयोजन किया जा रहा है। इस कार्यक्रम का उद्देश्य देशभर में रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाना और रक्तदान के क्षेत्र में कार्य करने वाली संस्थाओं को सम्मानित करना है, ताकि वे हर तीन महीने में रक्तदान के लिए लोगों को प्रेरित करते रहें और समाज में जागरूकता फैलाते रहें।
इस राष्ट्रीय अधिवेशन में भारत के 29 राज्यों से लगभग 200 रक्तदान करने वाली संस्थाओं के प्रतिनिधि शामिल होंगे। कार्यक्रम में कई विशिष्ट अतिथियों की उपस्थिति भी रहेगी। भारत सरकार के पूर्व केंद्रीय मंत्री अश्विनी चौबे, शहीद क्रांतिकारी चंद्रशेखर आजाद के वंशज अमित तिवारी आजाद तथा शहीद क्रांतिकारी वैकुंठ शुक्ला के वंशज अरुण शुक्ला इस अवसर पर विशेष रूप से उपस्थित रहेंगे। इसके अलावा गया जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन के कई पदाधिकारी भी कार्यक्रम में मौजूद रहेंगे।
अधिवेशन में रक्तदान के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाले कई रक्तदाताओं को भी सम्मानित किया जाएगा। देश में सर्वाधिक 252 बार रक्तदान करने वाले वाराणसी के प्रदीप इलरानी और 212 बार रक्तदान करने वाले गुजरात के भूपेंद्र देव भी इस कार्यक्रम में शामिल होंगे। इनके अलावा 100 से अधिक बार रक्तदान करने वाले दर्जनों रक्तदाता भी कार्यक्रम में भाग लेंगे और अपने अनुभव साझा करेंगे।
कार्यक्रम के दौरान गया जिले में शहीद भगत सिंह यूथ ब्रिगेड द्वारा आयोजित विभिन्न रक्तदान शिविरों में रक्तदान करने वाले लगभग एक हजार रक्तदाताओं को सम्मानित किया जाएगा। संस्था का मानना है कि ऐसे आयोजनों से समाज में रक्तदान के प्रति सकारात्मक सोच विकसित होती है और अधिक से अधिक लोग इस नेक कार्य के लिए प्रेरित होते हैं।
इस अवसर पर संस्था के संरक्षक और सलाहकार समिति के सदस्य भी मौजूद रहेंगे। मुख्य संरक्षक प्रमोद कुमार भदानी, अनंतं धीश अमन, इकबाल हुसैन, कौशलेंद्र प्रताप सिंह, अनिल स्वामी, संदीप सिन्हा और देवेश आनंद सहित अन्य पदाधिकारी कार्यक्रम में भाग लेंगे।
प्रेस वार्ता के दौरान शहीद भगत सिंह यूथ ब्रिगेड के जिलाध्यक्ष आकाश चंद्रवंशी और महानगर अध्यक्ष पलु शर्मा ने बताया कि यह अधिवेशन रक्तदान के क्षेत्र में कार्य करने वाले लोगों के लिए प्रेरणादायक मंच साबित होगा और इससे देशभर में रक्तदान के प्रति जागरूकता और अधिक बढ़ेगी।