13 मार्च। मध्य प्रदेश में महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए शुरू की गई लाड़ली बहना योजना के तहत शुक्रवार को मुख्यमंत्री मोहन यादव ने केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया की मौजूदगी में 34वीं किश्त में 1500 रुपए लाडली बहनों के खाते में ट्रांसफर किए।
ग्वालियर के शबरी माता मंदिर परिसर, घाटीगांव में आयोजित राज्य स्तरीय महिला सम्मेलन में लाड़ली बहनों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा है कि मध्य प्रदेश की बहनें आत्मनिर्भरता एवं स्वावलम्बन के मामले में पूरे देश के लिए उदाहरण बन रही हैं। प्रदेश के 5 लाख से अधिक स्व-सहायता समूहों से जुड़कर करीब 65 लाख बहनें आर्थिक रूप से सशक्त हुई हैं। आज प्रदेश में 12 लाख से अधिक लखपति दीदियां कार्यरत हैं। बहनें अब फैक्ट्रियों और उद्योगों का नेतृत्व कर रही हैं। प्रदेश के 47 प्रतिशत नए स्टार्ट-अप का नेतृत्व अब हमारी बहनों के हाथों में है। हम सभी बहनों के कल्याण और सशक्तिकरण के लिए मिशन मोड में कार्य करते हुए आगे बढ़ रहे हैं।
मुख्यमंत्री यादव ने कहा कि प्रदेश में डबल इंजन की सरकार है, इसलिए यहां की बहनों को लाड़ली लक्ष्मी और लाड़ली बहना योजना के रूप में डबल खुशियां मिल रही हैं। मुख्यमंत्री यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के कुशल नेतृत्व में भारत प्रत्येक कठिन परिस्थिति से निपटने के लिए तैयार है। उन्होंने वर्ष 2047 तक विकसित भारत बनाने का लक्ष्य रखा है। इसमें प्रदेश की बहन-बेटियां भी अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी। मुख्यमंत्री यादव ने लाड़ली बहना योजना में बहनों को योजना की 34वीं किश्त प्रदेश की 1 करोड़ 25 लाख 27 हजार से अधिक बहनों के खाते में 1 हजार 836 करोड़ रुपए की राशि अंतरित की।
मुख्यमंत्री यादव ने कहा कि अब प्रदेश की हर लाड़ली बहनों के खाते में हर महीने 1500 रुपए भेजे जा रहे हैं। लाड़ली बहना योजना में अब तक 52 हजार करोड़ रुपए से अधिक की राशि बहनों को दी जा चुकी है।
मुख्यमंत्री यादव ने ग्वालियर जिले को 121 करोड़ 95 लाख रुपए की लागत वाले 54 विकास कार्यों की सौगात दी। उन्होंने सिंगल क्लिक से लगभग 60 करोड़ रुपए की लागत के 35 विकास कार्यों का भूमि-पूजन और लगभग 62 करोड़ रुपए की लागत वाले 19 विकास कार्यों का लोकार्पण किया। इसमें 39 करोड़ 86 लाख रुपए की लागत से कुलैथ घाटीगांव में शासकीय सांदीपनि विद्यालय के नवनिर्मित भवन का लोकार्पण भी शामिल है।