राहुल गांधी की 'दबी आवाज' के दावे पर शाह का पलटवार: बोले, 'आप खुद नहीं बोलना चाहते', दिए सारे सबूत

गृह मंत्री अमित शाह ने सदन में राहुल गांधी की उपस्थिति पर उठाए सवाल, पेश किए आंकड़े


नई दिल्ली, 11 मार्च। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बुधवार को कांग्रेस और विपक्ष के नेता (एलओपी) राहुल गांधी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने राहुल गांधी की 'गंभीरता' और उन दावों की 'सच्चाई' पर सवाल उठाए, जिनमें वह कहते रहे हैं कि सदन के भीतर उनकी आवाज दबाई जाती है।

गृह मंत्री शाह ने अतीत के कई ऐसे उदाहरण गिनाए, जब कांग्रेस के इस कद्दावर नेता की भूमिका सवालों के घेरे में रही। इसकी वजह उनके लगातार विदेश दौरे और वंदे मातरम से लेकर भूमि अधिग्रहण विधेयक जैसे अहम मुद्दों पर होने वाली बहसों में हिस्सा न लेने की उनकी अनिच्छा थी।

कांग्रेस के आरोपों का जोरदार जवाब देते हुए अमित शाह ने कहा कि विपक्ष के नेता दावा करते हैं कि उन्हें सदन में बोलने की इजाजत नहीं दी जाती, लेकिन मैं कहना चाहता हूं कि असल में वह खुद ही बोलना नहीं चाहते।

केसी वेणुगोपाल के इस आरोप का जवाब देते हुए कि स्पीकर ने विपक्ष के नेता को एक दर्जन बार टोका, उन्होंने पूछा, "जब कोई नेता बात नहीं सुनता, तो आपके हिसाब से स्पीकर को क्या करना चाहिए?"

शाह ने जोर देकर कहा कि 17वीं लोकसभा में राहुल गांधी की उपस्थिति 51 प्रतिशत थी, जबकि राष्ट्रीय औसत 67 प्रतिशत था। 16वीं लोकसभा में उनकी उपस्थिति 52 प्रतिशत थी, जबकि राष्ट्रीय औसत 80 प्रतिशत था।

उन्होंने आगे कहा कि 15वीं लोकसभा में उनकी उपस्थिति 43 प्रतिशत थी, जबकि राष्ट्रीय औसत 76 प्रतिशत था।

शाह ने कहा कि कांग्रेस सांसद ने ज्यादातर बहसों में हिस्सा नहीं लिया, जिनमें राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव, बजट पर चर्चा और बिल शामिल हैं, और उन्होंने सबसे जरूरी बिलों पर होने वाली चर्चाओं में भी हिस्सा नहीं लिया।

उन्होंने राहुल पर बार-बार विदेश यात्राओं को लेकर भी तीखा हमला बोला और कहा कि कांग्रेस सांसद तब विदेश जाना चुनते हैं, जब सदन का सत्र चल रहा होता है।

शाह ने आगे कहा कि जब संसद के सत्र चल रहे होते हैं, तो वह विदेश यात्राओं की योजना बनाते हैं। वह विदेश से यहां कैसे बोल सकते हैं? वीडियो कॉन्फ्रेंस का कोई प्रावधान नहीं है।

वहीं, कांग्रेस के नेतृत्व वाले विपक्ष ने, गृह मंत्री शाह द्वारा सदन में विपक्ष के नेता राहुल की अनुपस्थिति का बार-बार जिक्र किए जाने पर नाराजगी जताते हुए कहा कि यह बहस स्पीकर के 'पक्षपातपूर्ण और एकतरफा' रवैये पर है, न कि राहुल के आचरण पर। उन्होंने आसन से इस मामले में हस्तक्षेप की मांग की।
 

Similar threads

Latest Replies

Trending Content

Forum statistics

Threads
15,438
Messages
15,475
Members
20
Latest member
7519202689
Back
Top