गांधीनगर/अहमदाबाद, 4 मार्च। पिछले सप्ताह घोषित राष्ट्रीय अभियान के बाद, गुजरात ने अहमदाबाद से शुरू किए गए राज्यव्यापी ह्यूमन पैपिलोमावायरस (एचपीवी) टीकाकरण अभियान के तहत 55 लाख किशोरियों को सर्वाइकल कैंसर से बचाने का लक्ष्य रखा है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 28 फरवरी को राजस्थान में इस राष्ट्रव्यापी अभियान का उद्घाटन किया था।
इस अभियान के गुजरात चरण का औपचारिक शुभारंभ सोला सिविल अस्पताल में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने स्वास्थ्य मंत्री प्रफुल पंशेरिया की उपस्थिति में किया।
स्वास्थ्य अधिकारियों ने बताया कि इस अभियान का उद्देश्य 14 वर्ष की लड़कियों को सर्वाइकल कैंसर से बचाना है, जो भारतीय महिलाओं में दूसरा सबसे आम कैंसर है और लगभग 17.7 प्रतिशत मामलों के लिए जिम्मेदार है।
राष्ट्रीय आंकड़ों के अनुसार, भारत में हर चार मिनट और 12 सेकंड में एक महिला में सर्वाइकल कैंसर का पता चलता है और हर सात मिनट में एक महिला की इस बीमारी से मृत्यु हो जाती है।
लगभग 70 से 75 प्रतिशत रोगियों में इसका निदान दूसरे या तीसरे चरण में होता है और यह बीमारी 30 से 69 वर्ष की महिलाओं में मृत्यु का एक प्रमुख कारण बनी हुई है।
2022 में, भारत में सर्वाइकल कैंसर से जुड़े लगभग 1,27,526 नए मामले और 79,906 मौतें दर्ज की गईं। इसी अवधि में गुजरात में 4,928 नए मामले और 1,781 मौतें दर्ज की गईं।
गुजरात कैंसर अनुसंधान संस्थान (जीसीआरआई) के विशेषज्ञों ने कहा कि एचपीवी वैक्सीन को लेकर फैली चिंताएं और गलत जानकारी निराधार हैं।
उन्होंने बताया कि यह वैक्सीन सुरक्षित और प्रभावी है और उच्च जोखिम वाले एचपीवी टाइप 16 और 18 से संक्रमण को रोकने में कारगर है, जो सर्वाइकल के कैंसर के अधिकांश मामलों के लिए जिम्मेदार हैं।